Chhattisgarh Congress: अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) का संगठन सृजन अभियान गुजरात और मध्य प्रदेश के बाद अब छत्तीसगढ़ में भी लागू हो गया है। प्रदेश के कई जिलों के अध्यक्षों के चेहरे बदलने वाले हैं। इसके लिए एआईसीसी ने 17 पर्यवेक्षकों की नियुक्ति कर दी है, जो अक्टूबर माह में जिलों का दौरा कर स्थानीय नेताओं, कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों से चर्चा कर जिला अध्यक्ष पद के योग्य दावेदारों की सूची तैयार करेंगे। चयन प्रक्रिया के बाद गोपनीय रिपोर्ट एआईसीसी को सौंपे जाने के बाद नए जिलाध्यक्षों की नियुक्ति की जाएगी।

पर्यवेक्षक करेंगे जिला अध्यक्षों के चयन में अहम भूमिका
एआईसीसी के नियुक्त पर्यवेक्षक प्रदेश के विभिन्न जिलों का भ्रमण कर तीन से पांच दावेदारों की सूची बनाएंगे। खास बात यह है कि इनमें 50 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहेंगे और शेष पदों में 50 वर्ष से कम उम्र के युवाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। पार्टी का उद्देश्य है कि नए जिलाध्यक्ष न केवल संगठनात्मक जिम्मेदारी निभाएं बल्कि चुनाव लड़ने योग्य भी हों।

संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने की योजना
गुजरात और मध्य प्रदेश की तरह छत्तीसगढ़ में भी कांग्रेस पार्टी बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने की योजना पर काम कर रही है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मार्च माह में शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों के लिए 14 जिलाध्यक्षों की सूची जारी की थी, लेकिन 27 जिलाध्यक्षों की नियुक्तियां अभी भी लंबित हैं। पार्टी पदाधिकारी कहते हैं कि आगे और पर्यवेक्षकों की नियुक्ति भी की जाएगी ताकि आगामी विधानसभा, लोकसभा और नगरीय निकाय चुनावों में बेहतर प्रदर्शन किया जा सके।
जिलाध्यक्षों को मिलेंगी ज्यादा शक्तियां
इस बार जिले के जिलाध्यक्षों को संगठन में पूरी शक्तियां दी जाएंगी। टिकट वितरण में उनकी रिपोर्ट को भी अहम माना जाएगा। पहले जिलाध्यक्षों पर किसी विशेष नेता या गुट का दबाव होता था, जिससे स्थानीय कार्यकर्ताओं की आवाज दब जाती थी। नए बदलाव से जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को पार्टी से जोड़ा जा सकेगा और निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी।
नियुक्त पर्यवेक्षकों की सूची
पर्यवेक्षकों की सूची में सप्तगिरि उलाका, अजय कुमार लल्लू, सुबोध कांत सहाय, उमंग सिंगर, आरसी खुंटिया, राजेश ठाकुर, विवेक बंसल, डॉ. नितिन राउत, श्याम कुमार बरवे, प्रफुल्ल गुदाढे, चरण सिंह सापरा, विकास ठाकरे, हीना कांवरे, रीता चौधरी, रेहाना रेयाज चिश्ती, अजमतुल्लाह हुसैनी और सीताराम लांबा जैसे वरिष्ठ नेता शामिल हैं।
मंडल और ब्लॉक कमेटियों का गठन भी पूरा
प्रदेश कांग्रेस में ब्लॉक और मंडल कमेटियों का गठन भी पूरा हो चुका है, जिनकी सूची जल्द जारी की जाएगी। प्रदेशाध्यक्ष दीपक बैज ने यह सूची एआईसीसी को भेज दी है। 7 जुलाई को राजधानी रायपुर के राजीव भवन में हुई राजनीतिक मामलों की समिति की बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने निर्देश दिए थे कि बूथ स्तर से लेकर जिलाध्यक्षों तक की नियुक्ति 30 सितंबर तक पूरी कर ली जाए।
पहली बार प्रदेश में मंडल कमेटियों का गठन
प्रदेश कांग्रेस ने पहली बार ब्लॉक कमेटियों के नीचे मंडल कमेटियों का गठन किया है। पूरे प्रदेश में लगभग 1,300 मंडल कमेटियां बनाई जाएंगी, जिनमें प्रत्येक मंडल में 21 सदस्य होंगे। इनमें अध्यक्ष, तीन उपाध्यक्ष, कोषाध्यक्ष, तीन सचिव, तीन सहसचिव, एक इंटरनेट मीडिया समन्वयक और नौ कार्यकारिणी सदस्य शामिल होंगे। इससे संगठन को और मजबूत बनाने में मदद मिलेगी।











