Priyanka on JDU: कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने बिहार में चुनावी रैली के दौरान एनडीए सरकार और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर करारा हमला बोला है। उन्होंने मुख्यमंत्री की महिला रोजगार योजना को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि यह पूरी तरह से चुनावी स्टंट है और इससे महिलाओं का अपमान किया जा रहा है। प्रियंका ने कहा कि जो सरकार पिछले 20 साल से सत्ता में है, वह चुनाव से ठीक पहले 10 हजार रुपये देकर वोट खरीदने की कोशिश कर रही है।

“महिलाओं को 10 हजार रुपये देकर बेवकूफ समझा जा रहा है”
प्रियंका गांधी ने कहा “ये क्या है जो आप चुनाव से पहले पैसे दे रहे हैं? आप 20 साल से सरकार में हैं, महिलाओं के लिए आपने अब तक क्या किया? क्या 3 हजार रुपये कोई मानदेय होता है? चुनाव से पहले आप कहते हैं 10 हजार रुपये ले लीजिए… क्या आप महिलाओं को बेवकूफ समझते हैं?”उन्होंने महिलाओं से अपील करते हुए कहा कि वे अपनी शक्ति को पहचानें और इस तरह की चुनावी घोषणाओं के झांसे में न आएं। प्रियंका का कहना था कि सरकार स्पष्ट रूप से नहीं कह रही कि ये 10 हजार रुपये हर महीने दिए जाएंगे या नहीं। सिर्फ एक बार का भुगतान कर वोट लेने की कोशिश की जा रही है।

“बिहार बदलाव चाहता है”
नीतीश कुमार पर व्यक्तिगत टिप्पणी से बचते हुए प्रियंका ने कहा “वे बुज़ुर्ग हैं, मैं उनके बारे में कुछ नहीं कहूंगी, लेकिन बिहार में बदलाव का समय आ गया है। लोग थक चुके हैं, अब जनता सब देख रही है।” उन्होंने यह भी कहा कि पिछले तीन वर्षों में राज्य में 27 पुल गिर चुके हैं, और सरकार एक भी ढंग का नया पुल नहीं बना पाई। ऐसे में चुनावी घोषणाएं करना जनता को गुमराह करने जैसा है।
“शिक्षा व्यवस्था और रोजगार पर भी सवाल”
प्रियंका गांधी ने पेपर लीक, रोजगार संकट और बढ़ते पलायन जैसे मुद्दों पर भी सरकार की विफलताओं को गिनाया। उन्होंने कहा कि “बिहार से लोग बड़ी संख्या में पलायन कर रहे हैं क्योंकि यहां रोजगार नहीं है। शिक्षा व्यवस्था पेपर लीक की वजह से बर्बाद हो चुकी है। ये सरकार सिर्फ घोषणाएं करती है, ज़मीनी काम नहीं करती।”
प्रियंका गांधी के तीखे बयानों से यह साफ है कि कांग्रेस बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर आक्रामक रणनीति अपनाए हुए है। एनडीए सरकार की योजनाओं और घोषणाओं पर सवाल उठाकर उन्होंने जनता से सोच-समझकर वोट देने की अपील की है। महिला मतदाताओं को साधने की कोशिश के तहत उनका यह बयान सियासी तौर पर काफी अहम माना जा रहा है।











