Balrampur Police : छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 10 करोड़ रुपये मूल्य का 1941.110 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। पुलिस ने गांजा तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे 16 चक्का टाटा ट्रक (कीमत लगभग 50 लाख रुपये) को भी जब्त किया है। कुल जब्त मशरूका की कीमत करीब साढ़े 10 करोड़ रुपये आंकी गई है।

एंड टू एंड कार्रवाई में मिली बड़ी सफलता
थाना बसंतपुर पुलिस और जिले में गठित एएनटीएफ की संयुक्त एंड टू एंड कार्रवाई के दौरान यह सफलता मिली। पुलिस को तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सूचना मिली थी कि गांजा तस्करी से जुड़ा मुख्य आरोपी लोकेश शर्मा इलाके में सक्रिय है। इसी सूचना पर देर रात वाहन चेकिंग के दौरान ट्रक क्रमांक RJ 14 GU 9078 को रोककर तलाशी ली गई।

62 पैकेट में छिपाकर ले जाया जा रहा था गांजा
तलाशी के दौरान ट्रक के भीतर छिपाकर रखे गए 62 पैकेटों से कुल 1941.110 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने मौके से सहारनपुर निवासी लोकेश शर्मा (46) और उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरपुर निवासी आमिष अंसारी (23) को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।
मुख्य सरगना पहले भी था पुलिस के रडार पर
जांच में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी लोकेश शर्मा पूर्व में थाना बसंतपुर में दर्ज वर्ष 2025 के एक बड़े गांजा तस्करी मामले का भी मुख्य आरोपी है। उस मामले में पुलिस ने 1198.460 किलोग्राम गांजा बरामद किया था। दोनों मामलों में प्रयुक्त ट्रक आरोपी के नाम पर ही पंजीकृत पाए गए हैं। पुलिस का दावा है कि लोकेश शर्मा उड़ीसा से छत्तीसगढ़ के रास्ते उत्तर प्रदेश तक गांजा तस्करी का संगठित सिंडीकेट संचालित करता था।
पुलिस की सतत निगरानी से खुला नेटवर्क
पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी लगातार पुलिस को चकमा देने की कोशिश कर रहा था, लेकिन तकनीकी निगरानी और सतत मॉनिटरिंग के चलते उसे पकड़ने में सफलता मिली। मामले की विवेचना जारी है और तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। इस कार्रवाई में थाना बसंतपुर पुलिस, साइबर सेल और एएनटीएफ की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।










