Chhattisgarh School Timing : छत्तीसगढ़ के स्कूली छात्र-छात्राओं और शिक्षकों के लिए एक बेहद महत्वपूर्ण प्रशासनिक खबर सामने आई है। राज्य में भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप के बीच बिताई गई लंबी छुट्टियों के बाद अब सभी स्कूल आगामी 16 जून से पूरी तरह खुलने जा रहे हैं। लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) ने शुक्रवार को इस संबंध में एक आधिकारिक और विस्तृत आदेश जारी कर दिया है। इस नए सरकारी आदेश के तहत प्रदेश के सभी संभागीय संयुक्त संचालकों और जिला शिक्षा अधिकारियों (DEO) को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने अधिकार क्षेत्रों में 16 जून 2026 से सभी प्राथमिक, माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों का नियमित संचालन सुनिश्चित करें। इस फैसले के दायरे में राज्य के सभी सरकारी स्कूल और निजी (अशासकीय) शैक्षणिक संस्थान समान रूप से शामिल होंगे, जिन्हें इस नियमावली का सख्ती से पालन करना होगा।

शैक्षणिक सत्र 2026-27 का नियमित संचालन 16 जून से होगा शुरू
स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी किए गए आधिकारिक दिशा-निर्देशों के अनुसार, छत्तीसगढ़ राज्य के सभी स्कूलों में इस वर्ष 20 अप्रैल 2026 से लेकर 15 जून 2026 तक के लिए कुल 57 दिनों के ग्रीष्मकालीन अवकाश (Summer Vacation) की घोषणा की गई थी। अब इस घोषित अवकाश की अवधि समाप्त होने के तुरंत बाद, नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 का नियमित और सुचारू संचालन 16 जून, दिन मंगलवार से शुरू कर दिया जाएगा। सरकार के इस कदम का मुख्य उद्देश्य नए सत्र की पढ़ाई को समय पर शुरू करना है ताकि बच्चों के पाठ्यक्रम को बिना किसी देरी के पूरा किया जा सके। लोक शिक्षण संचालनालय ने स्पष्ट किया है कि पहले दिन से ही स्कूलों में छात्रों की उपस्थिति और शिक्षकों की पाबंदी को अनिवार्य रूप से लागू किया जाएगा ताकि शिक्षण व्यवस्था में कोई व्यवधान न आए।

भीषण गर्मी को देखते हुए प्राचार्यों और जिला शिक्षा अधिकारियों को मिले निर्देश
नए सत्र की शुरुआत के साथ ही शिक्षा विभाग ने राज्य में मौसम के मिजाज और बढ़ती गर्मी को लेकर भी गहरी चिंता व्यक्त की है। यद्यपि स्कूल खोलने की तारीख 16 जून तय की गई है, लेकिन लोक शिक्षण संचालनालय ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्राचार्यों को जमीनी स्तर पर विशेष एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं। आदेश में कहा गया है कि स्कूल परिसरों में बच्चों के लिए शुद्ध और ठंडे पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए
। इसके साथ ही, भीषण गर्मी और लू (Heat Wave) के प्रकोप से मासूम बच्चों को बचाने के लिए प्राथमिक चिकित्सा और ओआरएस (ORS) के पैकेट जैसी आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं हर समय स्कूल में उपलब्ध रहनी चाहिए। अधिकारियों को यह भी छूट दी गई है कि यदि स्थानीय स्तर पर तापमान में अप्रत्याशित बढ़ोतरी होती है, तो वे शासन की अनुमति से स्कूलों के समय में आंशिक बदलाव कर सकते हैं।

सरकारी और निजी स्कूलों को करना होगा नियमों का अनिवार्य रूप से पालन
लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) द्वारा जारी यह नया आदेश पूरे छत्तीसगढ़ राज्य में समान रूप से प्रभावी होगा। सरकार ने साफ तौर पर चेतावनी दी है कि चाहे सरकारी स्कूल हों, सरकारी सहायता प्राप्त स्कूल हों या फिर बड़े निजी स्कूल (प्राइवेट स्कूल), सभी को 16 जून 2026 से ही अपने संस्थानों को नियमित रूप से खोलना होगा। कोई भी निजी स्कूल अपनी मनमर्जी से छुट्टियों की अवधि को आगे नहीं बढ़ा सकेगा और न ही तय तारीख से पहले या बाद में कक्षाएं संचालित करने का मनमाना फैसला ले सकेगा। यदि कोई भी शिक्षण संस्थान इस सरकारी गाइडलाइन का उल्लंघन करता हुआ पाया जाता है या तय समय सीमा के भीतर स्कूल खोलने में कोताही बरतता है, तो संबंधित जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा उस संस्थान के खिलाफ कानूनी और दंडात्मक कूटनीतिक कार्रवाई की जाएगी।
अभिभावकों और बच्चों में नए शैक्षणिक सत्र को लेकर दिखने लगा उत्साह
छुट्टियों के खत्म होने और स्कूल खुलने की आधिकारिक तारीख का ऐलान होते ही अब राज्य भर के बाजारों में भी रौनक बढ़ने लगी है। अभिभावक (पालक) अपने बच्चों के नए शैक्षणिक सत्र की तैयारियों में जुट गए हैं। कॉपियां, किताबें, नए स्कूल ड्रेस, स्कूल बैग और जूते-मोजे खरीदने के लिए दुकानों पर भारी भीड़ देखी जा रही है। वहीं दूसरी ओर, बच्चे भी एक लंबे अंतराल के बाद दोबारा अपने दोस्तों से मिलने और नए क्लास में जाने को लेकर बेहद उत्साहित नजर आ रहे हैं। शिक्षकों ने भी नए सत्र के स्वागत के लिए स्कूलों में साफ-सफाई और प्रवेश उत्सव की विशेष तैयारियां शुरू कर दी हैं, ताकि 16 जून को जब बच्चे स्कूल आएं, तो उनका स्वागत एक सकारात्मक और खुशनुमा माहौल में किया जा सके।
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