Share Market Today : अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक ऐतिहासिक शांति समझौते के बाद वैश्विक वित्तीय बाजारों से अनिश्चितता और भू-राजनीतिक तनाव के बादल पूरी तरह छंट गए हैं। इस बड़े अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम का सीधा और बेहद सकारात्मक असर भारतीय शेयर बाजार यानी दलाल स्ट्रीट पर देखने को मिला है। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सोमवार को जैसे ही बाजार खुला, वैसे ही निवेशकों की चांदी हो गई। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 दोनों ही शुरुआती मिनटों में रॉकेट बन गए। इस ऐतिहासिक तेजी के दौरान विशेष रूप से बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं, एविएशन (विमानन) और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के शेयरों में निवेशकों ने सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखाई, जिससे बाजार में चौतरफा खरीदारी का माहौल बन गया।

रिकॉर्ड ओपनिंग: सेंसेक्स और निफ्टी ने शुरुआती मिनटों में रचा नया इतिहास
सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार ने एक मजबूत और धमाकेदार शुरुआत की। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सूचकांक सेंसेक्स 1,126.36 अंक यानी करीब 1.49 फीसदी की भारी-भरकम तेजी के साथ 76,654.31 के स्तर पर खुला। वहीं दूसरी ओर, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी पीछे नहीं रहा और वह 339.25 अंक यानी 1.44 फीसदी की बढ़त लेकर 23,962.15 के स्तर पर पहुंच गया। शुरुआती कारोबार के दौरान निफ्टी ने तेजी का रुख बरकरार रखते हुए 24,000 के बेहद महत्वपूर्ण और मनोवैज्ञानिक स्तर को भी पार कर लिया, जिससे ट्रेडिंग फ्लोर पर मौजूद ब्रोकर्स और आम खुदरा निवेशकों का उत्साह सातवें आसमान पर पहुंच गया।

बाजार में बुल्स का दबदबा: बिकवालों पर पूरी तरह हावी हुए खरीदार
शुरुआती कारोबार के दौरान भारतीय शेयर बाजार में केवल और केवल खरीदारों यानी बुल्स का दबदबा देखने को मिला। बाजार के ओपनिंग आंकड़ों के अनुसार, करीब 557 शेयरों ने बढ़त के साथ हरे निशान में कारोबार करना शुरू किया, जबकि इसके मुकाबले केवल 65 शेयरों में ही मामूली गिरावट दर्ज की गई। वहीं, दूसरी ओर करीब 40 शेयर ऐसे भी रहे जिनके भाव में कोई खास बदलाव या हलचल नहीं देखी गई। एडवांस-डिक्लाइन रेशियो का यह शानदार और एकतरफा आंकड़ा साफ तौर पर दर्शाता है कि वैश्विक शांति समझौते के बाद घरेलू बाजार में सकारात्मक धारणा और निवेशकों का भरोसा बेहद मजबूत स्थिति में आ चुका है।
टॉप गेनर्स और लूजर्स: श्रीराम फाइनेंस और इंडिगो के शेयरों ने मारी बाजी
निफ्टी 50 इंडेक्स पर शुरुआती ट्रेडिंग के दौरान सबसे ज्यादा मुनाफा कमाने वाले शेयरों में श्रीराम फाइनेंस, इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो), बजाज फाइनेंस, लार्सन एंड टुब्रो (L&T) और TMPV के नाम शीर्ष पर शामिल रहे। इन दिग्गज कंपनियों के शेयरों में संस्थागत निवेशकों द्वारा जोरदार और आक्रामक खरीदारी देखने को मिली। हालांकि, इस चौतरफा हरियाली के बीच कुछ चुनिंदा शेयरों पर मुनाफावसूली का दबाव भी साफ नजर आया। तेल और गैस क्षेत्र की दिग्गज कंपनी ओएनजीसी (ONGC), फार्मा सेक्टर की सिप्ला और हेल्थकेयर क्षेत्र के अपोलो हॉस्पिटल्स के शेयरों में बिकवाली देखी गई, जिससे ये शेयर शुरुआती कारोबार में लाल निशान के साथ ट्रेड करते दिखे।
हैवीवेट शेयर्स चमके: बैंकिंग दिग्गजों और रिलायंस-टीसीएस में आई भारी तेजी
इस बाजार की शानदार तेजी को मुख्य रूप से देश के दिग्गज और हैवीवेट शेयरों का पूरा समर्थन मिला। वित्तीय क्षेत्र की बड़ी कंपनी बजाज फाइनेंस के साथ-साथ देश के सबसे बड़े निजी बैंकों में शुमार एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) और आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) के शेयरों में 1 फीसदी से लेकर 3 फीसदी तक की शानदार मजबूती दर्ज की जा रही है। बैंकिंग के अलावा, बाजार के सबसे बड़े हैवीवेट खिलाड़ी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) और आईटी सेक्टर की दिग्गज कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयर भी लगातार ऊंचे स्तरों पर टिके रहे और मजबूत हरे निशान के साथ कारोबार को आगे बढ़ाते रहे।
भारतीय करेंसी में उछाल: डॉलर के मुकाबले 52 पैसे मजबूत हुआ रुपया
अमेरिका और ईरान के बीच सफल शांति वार्ता और समझौते का सीधा फायदा केवल शेयर बाजार तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि इसका एक और सुखद परिणाम भारतीय मुद्रा बाजार में भी देखने को मिला। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में संभावित स्थिरता की उम्मीद के बीच अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया भी सोमवार को शानदार ढंग से मजबूत हुआ। शुरुआती कारोबार में भारतीय रुपया 52 पैसे की एक बड़ी और मजबूत बढ़त हासिल करने में कामयाब रहा। इस शानदार रिकवरी और उछाल के साथ ही विदेशी मुद्रा बाजार में वर्तमान में भारतीय रुपया का भाव 94.57 प्रति डॉलर के स्तर पर आ गया है, जो अर्थव्यवस्था के लिए एक बेहतरीन संकेत है।











