Uttarakhand Weather : उत्तराखंड में मानसून की सक्रियता के बीच प्राकृतिक आपदाओं का सिलसिला जारी है। हाल ही में टिहरी गढ़वाल जिले के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग NH-707A पर कड्डूखाल के पास एक बड़े भूस्खलन की घटना सामने आई है। भारी बारिश के कारण अचानक पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा भरभराकर नीचे आ गिरा, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। गनीमत यह रही कि जिला प्रशासन ने खतरे को भांपते हुए इस संवेदनशील क्षेत्र को पहले ही खाली करवा लिया था, जिसके चलते कोई जनहानि या पशुहानि नहीं हुई। समय रहते उठाए गए सुरक्षात्मक कदमों ने एक भीषण त्रासदी को टाल दिया है।

प्रशासन की पूर्व सतर्कता और पुरानी इमारत को नुकसान
जिला आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार, भूस्खलन की चपेट में आने से सड़क के किनारे स्थित एक पुरानी और खाली पड़ी इमारत को भारी क्षति पहुंची है। हालांकि, हादसे से पहले ही प्रशासन ने एहतियात के तौर पर दो रेस्टोरेंट्स, सड़क किनारे बने अस्थायी खोखे और मजदूरों की झोपड़ियों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कर दिया था। इस सक्रियता के कारण मलबे के ढेर में कोई भी व्यक्ति नहीं फंसा। फिलहाल प्रशासन ने पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर दी है ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

होटल निर्माण के लिए अवैध खुदाई बनी भूस्खलन की मुख्य वजह
प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया है कि भूस्खलन की घटना के पीछे मानव निर्मित कारण भी हो सकते हैं। पता चला है कि एक निजी व्यक्ति द्वारा होटल निर्माण के उद्देश्य से पहाड़ी की तलहटी में खुदाई कराई जा रही थी, जिससे पहाड़ी का संतुलन बिगड़ गया और वह अस्थिर हो गई। माना जा रहा है कि बारिश के पानी के साथ मिलकर यह ढीली मिट्टी ही भूस्खलन का कारण बनी। फिलहाल जिला प्रशासन ने इस मामले की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।
मौसम विभाग का ऑरेंज और येलो अलर्ट: भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने उत्तराखंड में अगले 48 घंटों के लिए चेतावनी जारी की है। 9 और 10 जुलाई को राज्य के अधिकांश हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है। आईएमडी ने देहरादून, टिहरी, पौड़ी, हरिद्वार, नैनीताल, ऊधम सिंह नगर और चंपावत जिलों के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ घोषित किया है। इसके अलावा, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, अल्मोड़ा, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है। मौसम विभाग ने भूस्खलन, जलभराव और नदी-नालों के जलस्तर में अचानक वृद्धि को लेकर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
स्कूलों में अवकाश और प्रशासन की कड़ी निगरानी
लगातार होती बारिश और बिगड़ते हालातों को देखते हुए देहरादून और नैनीताल जिला प्रशासन ने आज सभी सरकारी और निजी स्कूलों में छुट्टी की घोषणा कर दी है। आपदा प्रबंधन की टीमें संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रख रही हैं और राहत दलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे नदी-नालों के समीप न जाएं, भूस्खलन संभावित क्षेत्रों की यात्रा से बचें और मौसम विभाग की नवीनतम एडवाइजरी का पूरी तरह पालन करें। स्थिति पर सरकार की पैनी नजर बनी हुई है।
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