CG Surajpur News : सूरजपुर जिले में शिक्षा विभाग ने शासकीय कार्यों में कथित लापरवाही और सिविल सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन के मामले में कार्रवाई की है। उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सिलफिली में पदस्थ एक सहायक ग्रेड-3 कर्मचारी और एक भृत्य को निलंबित कर दिया गया है। विभाग की इस कार्रवाई के बाद स्कूल परिसर में कर्मचारियों की कार्यप्रणाली और विद्यार्थियों से जुड़े व्यवहार को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।
विद्यार्थियों ने तालाबंदी कर जताया था विरोध
मामला उस समय सामने आया जब कुछ दिन पहले शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सिलफिली के छात्र-छात्राओं ने विभिन्न समस्याओं को लेकर स्कूल में तालाबंदी कर विरोध प्रदर्शन किया था। विद्यार्थियों के विरोध के बाद शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लिया। इसके बाद नवनियुक्त जिला शिक्षा अधिकारी अशोक सिन्हा ने विद्यालय का दौरा किया और स्कूल की व्यवस्थाओं तथा कर्मचारियों की कार्यप्रणाली का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान सामने आईं कई शिकायतें
जिला शिक्षा अधिकारी के निरीक्षण के दौरान विद्यालय में कामकाज से संबंधित कुछ शिकायतों और कथित अनियमितताओं की जानकारी सामने आई। विभाग ने संबंधित कर्मचारियों की भूमिका की जांच की। इसी क्रम में सहायक ग्रेड-3 देवी प्रसाद के खिलाफ वेतन संबंधी कार्यों में लापरवाही बरतने की शिकायतों को गंभीरता से लिया गया। विभाग के अनुसार, उनके काम में लापरवाही के कारण कर्मचारियों को वेतन से जुड़ी विसंगतियों का सामना करना पड़ता था।
नियमित उपस्थिति को लेकर भी उठे सवाल
देवी प्रसाद के खिलाफ विद्यालय में नियमित रूप से उपस्थित नहीं रहने की शिकायत भी सामने आई। इसके अलावा उनके नशे की हालत में रहने संबंधी शिकायतों का भी उल्लेख कार्रवाई के आधार के तौर पर किया गया। शिक्षा विभाग ने मामले को सिविल सेवा आचरण नियमों से जोड़ते हुए उनके खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की है। विभागीय कार्रवाई के बाद आगे की जांच प्रक्रिया भी जारी रहने की संभावना है।
भृत्य पायल सिंह पर छात्रों से गलत व्यवहार का आरोप
इसी मामले में विद्यालय की भृत्य पायल सिंह के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है। उनके संबंध में शिकायत थी कि स्कूल में छात्र-छात्राओं द्वारा तालाबंदी और विरोध प्रदर्शन के दौरान उन्होंने विद्यार्थियों के साथ कथित तौर पर गलत व्यवहार किया। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए शिक्षा विभाग ने पायल सिंह को भी निलंबित कर दिया है।
पायल सिंह को दूसरे स्कूल में किया गया अटैच
निलंबन की कार्रवाई के साथ पायल सिंह को चांदनी बिहारपुर क्षेत्र के एक अन्य स्कूल में अटैच किया गया है। विभाग का यह कदम विद्यालय में अनुशासन बनाए रखने और शिकायतों की जांच के दौरान प्रशासनिक व्यवस्था को व्यवस्थित रखने के उद्देश्य से उठाया गया है। मामले से जुड़े तथ्यों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई तय की जा सकती है।
प्राचार्य और व्याख्याता पर भी कार्रवाई की सिफारिश
शिक्षा विभाग ने विद्यालय के प्राचार्य और एक व्याख्याता की भूमिका को लेकर भी उच्च अधिकारियों को पत्र भेजा है। विभाग की ओर से दोनों के खिलाफ उचित कार्रवाई की अनुशंसा की गई है। इससे संकेत मिलता है कि स्कूल में विद्यार्थियों के विरोध और सामने आई शिकायतों को केवल दो कर्मचारियों तक सीमित नहीं माना गया है।
स्कूल की व्यवस्थाओं पर विभाग की नजर
सिलफिली स्कूल में हुई इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग की ओर से विद्यालय की व्यवस्थाओं और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर नजर रखी जा रही है। विद्यार्थियों की शिकायतों, कर्मचारियों की जिम्मेदारियों और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर विभाग आगे भी आवश्यक कदम उठा सकता है। फिलहाल दो कर्मचारियों के निलंबन और दो अन्य अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा से मामले में विभागीय सख्ती साफ दिखाई दे रही है।
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