Apple Layoffs 2026 : Apple Inc. अपनी तकनीकी रणनीति में बड़ा बदलाव करते हुए हार्डवेयर से ज्यादा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और नई AI आर्किटेक्चर पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इसी बदलाव के तहत कंपनी ने Siri डिजिटल असिस्टेंट, Vision Pro हेडसेट और सॉफ्टवेयर से जुड़ी कुछ टीमों में कर्मचारियों की संख्या घटाने का फैसला किया है। मामले से परिचित लोगों के मुताबिक, कंपनी की ‘इंटेलिजेंट सिस्टम्स एक्सपीरियंस’ टीम भी इस पुनर्गठन से प्रभावित हुई है।
करीब 200 कर्मचारियों की हुई छंटनी
रिपोर्ट के अनुसार, Apple ने कुल करीब 200 पदों को खत्म किया है। इनमें लगभग 100 पद Vision Pro से जुड़े संगठन में और करीब 100 पद Siri तथा अन्य सॉफ्टवेयर टीमों में कम किए गए हैं। कंपनी के इस फैसले को उसकी नई AI-केंद्रित रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। Apple अब ऐसी तकनीकी विशेषज्ञता को प्राथमिकता देना चाहती है, जो आधुनिक जनरेटिव AI सिस्टम के विकास में उपयोगी हो।
Vision Pro की गेमिंग टीम में बड़ा बदलाव
पुनर्गठन के तहत Apple ने Vision Pro के लिए गेमिंग पर केंद्रित टीम को काफी हद तक बंद करने का फैसला किया है। इसके साथ ही हेडसेट के लिए इमर्सिव वीडियो कंटेंट तैयार करने वाली यूनिट का आकार भी छोटा किया जा रहा है। कंपनी का यह कदम संकेत देता है कि Vision Pro के मौजूदा कंटेंट और गेमिंग मॉडल को लेकर उसकी प्राथमिकताओं में बदलाव हो रहा है।
Siri को नए AI सिस्टम के लिए किया जा रहा तैयार
Apple अपने वॉयस असिस्टेंट Siri को नए सिरे से तैयार करने में जुटी है। रिपोर्टों के मुताबिक, कंपनी का पुराना Siri आर्किटेक्चर आधुनिक AI क्षमताओं को संभालने के लिए पर्याप्त नहीं माना जा रहा है। ऐसे में Apple नई जनरेटिव AI तकनीकों के अनुरूप सिस्टम तैयार कर रही है। इसके लिए कंपनी को अलग तरह की तकनीकी विशेषज्ञता वाले इंजीनियरों और कोडिंग एक्सपर्ट्स की आवश्यकता है।
पुरानी भूमिकाओं की जगह बनेंगी नई AI नौकरियां
AI पर बढ़ते फोकस के बीच Apple पुरानी भूमिकाओं को कम करके नई AI-केंद्रित भूमिकाएं तैयार कर रही है। इसका मतलब यह है कि कंपनी केवल कर्मचारियों की संख्या घटाने पर ही ध्यान नहीं दे रही, बल्कि अपनी टीमों के कौशल और जिम्मेदारियों को भी नए सिरे से व्यवस्थित कर रही है। इस बदलाव का उद्देश्य भविष्य के AI उत्पादों और फीचर्स के लिए कंपनी को तैयार करना बताया जा रहा है।
Apple ने बदलाव की पुष्टि की
Apple ने एक बयान में कहा कि कंपनी अपने कारोबार और यूजर्स के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए कुछ टीमों में बदलाव कर रही है। कंपनी के मुताबिक, इस प्रक्रिया में नई भूमिकाएं बनाई जाएंगी, लेकिन कुछ मौजूदा पदों पर भी इसका प्रभाव पड़ेगा। Apple ने प्रभावित कर्मचारियों के योगदान के लिए आभार जताया और कहा कि बदलाव के दौरान उन्हें दूसरी भूमिकाओं के लिए आवेदन करने का अवसर भी दिया जाएगा।
Vision Pro की बिक्री बनी चुनौती
Vision Pro टीम में कटौती की एक बड़ी वजह हेडसेट की सीमित बाजार मांग को माना जा रहा है। रिपोर्टों के मुताबिक, इसकी कीमत 3 लाख रुपये से अधिक होने के साथ-साथ डिवाइस का वजन भी उपभोक्ताओं के लिए चुनौती बना। महंगे प्रीमियम हेडसेट के कारण इसका यूजर बेस उम्मीद के मुताबिक बड़ा नहीं हो पाया।
इमर्सिव वीडियो कंटेंट पर भी भारी खर्च
Vision Pro के लिए तैयार किए जाने वाले 3D इमर्सिव वीडियो कंटेंट की लागत भी Apple के लिए चुनौती रही। रिपोर्ट के अनुसार, एक-एक एपिसोड तैयार करने में लाखों डॉलर खर्च हो रहे थे, जबकि ऐसे कंटेंट को देखने वाले यूजर्स की संख्या सीमित रही। कम दर्शक आधार और ज्यादा उत्पादन लागत के कारण इन-हाउस वीडियो प्रोडक्शन यूनिट को छोटा करने का फैसला किया गया।
Apple की नई दिशा अब AI के इर्द-गिर्द
Apple का ताजा पुनर्गठन बताता है कि कंपनी अपनी भविष्य की रणनीति में AI को केंद्रीय भूमिका देने की तैयारी कर रही है। Siri को नए AI सिस्टम से लैस करने से लेकर सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग टीमों में बदलाव तक, कंपनी संसाधनों को नई तकनीकों की ओर मोड़ रही है। वहीं Vision Pro की टीम में कटौती से संकेत मिलता है कि Apple फिलहाल उन क्षेत्रों पर अधिक निवेश करना चाहती है, जहां AI से बड़े पैमाने पर यूजर अनुभव बेहतर करने की संभावना है।
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