Babri Masjid Shilanyas
Babri Masjid Shilanyas Bengal: पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में मंगलवार देर रात बाबरी मस्जिद के शिलान्यास से जुड़े पोस्टर लगाए जाने के बाद एक बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। इन पोस्टरों पर स्पष्ट रूप से लिखा गया है कि 6 दिसंबर को बेलडांगा में बाबरी मस्जिद का शिलान्यास समारोह आयोजित किया जाएगा। तृणमूल कांग्रेस (TMC) के विधायक हुमायूं कबीर को इस आयोजन का कर्ता-धर्ता यानी आयोजनकर्ता बताया गया है।
विधायक हुमायूं कबीर ने मंगलवार को स्वयं मीडिया के सामने आकर इस बात की पुष्टि की। उन्होंने कहा, “हम 6 दिसंबर को बाबरी मस्जिद की नींव रखेंगे। तीन साल में इसका निर्माण पूरा होगा। कार्यक्रम में कई मुस्लिम नेता शामिल होंगे।” यह आयोजन अगले महीने बाबरी विध्वंस की 33वीं वर्षगांठ के मौके पर किया जा रहा है, जब 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में विवादित ढांचा कार सेवकों द्वारा ध्वस्त कर दिया गया था।
TMC विधायक का यह बयान ऐसे समय में सामने आया है जब मंगलवार को अयोध्या में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राम मंदिर के शिखर पर ध्वजारोहण किया। ध्वजारोहण का मतलब है कि मंदिर का निर्माण अब पूर्ण हो गया है। इससे पहले, 22 जनवरी, 2024 को राम मंदिर में रामलला की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा हुई थी। अयोध्या में भव्य राम मंदिर के पूर्ण होने के साथ ही, विधायक कबीर द्वारा बाबरी मस्जिद के शिलान्यास की घोषणा को धार्मिक और राजनीतिक माहौल को गर्माने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
इस घोषणा के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने विधायक हुमायूं कबीर और TMC पर कड़ी आलोचना की है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि TMC पश्चिम बंगाल में मस्जिद नहीं, बल्कि बांग्लादेश की आधारशिला रख रही है। गिरिराज सिंह ने दावा किया कि ममता बनर्जी की सरकार बांग्लादेशियों और रोहिंग्याओं के समर्थन पर टिकी है और “जिस तरह TMC हिंदुओं की लाशों पर राजनीति कर रही है, वह लंबे समय तक नहीं चलेगा।”
बीजेपी नेता और बंगाल के नेता प्रतिपक्ष सुवेन्दु अधिकारी ने आरोप लगाया कि विधायक कबीर यह सब सांप्रदायिक तनाव भड़काने के लिए कर रहे हैं, क्योंकि चुनाव पास आ रहे हैं और मुसलमान TMC को छोड़ रहे हैं। अधिकारी ने कहा, “जैसे 2021 में उन्होंने CAA को NRC कहकर सभी मुसलमानों को एक किया था, इस बार वे बाबरी मस्जिद के नाम पर कर रहे हैं।”
TMC विधायक के इस कदम पर कांग्रेस पार्टी के भीतर भी मतभेद देखने को मिले हैं।समर्थन: कांग्रेस नेता उदित राज ने TMC विधायक कबीर का समर्थन किया। उन्होंने कहा, “अगर मंदिर का शिलान्यास हो सकता है तो मस्जिद का क्यों नहीं? विरोध करने वाले बिना वजह विवाद खड़ा कर रहे हैं। यह धार्मिक स्वतंत्रता है।”विरोध: महाराष्ट्र के कांग्रेस नेता हुसैन दलवई ने विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि मस्जिद बनाना ठीक है, लेकिन “खास तौर पर बाबरी मस्जिद ही क्यों?” दलवई ने कहा कि जो विवाद पहले ही सुलझ चुका है, उसे “राजनीतिक फायदे के लिए फिर से खोला जा रहा है।” उन्होंने भावनात्मक रूप से कहा, “हमारा रिश्ता बाबर से नहीं, बल्कि शिवाजी महाराज से है।”
Read More: Gen-Z Protest VIT: Gen-Z छात्रों का प्रदर्शन! क्या यह फीस और घटिया हॉस्टल सुविधा का नतीजा है?
Balrampur Road Accident: छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। शुक्रवार…
Surajpur Elephant Death: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले से एक दुखद खबर सामने आई है, जहाँ…
Mosaic Defense System: शनिवार, 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त रूप से…
LPG Crisis: ईरान और इजरायल के बीच छिड़े भीषण युद्ध ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला…
Donald Trump Iran Warning: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ जारी सैन्य अभियान…
Mojtaba Khamenei Iran: ईरान के भीतर मचे भारी राजनीतिक घटनाक्रम के बीच तेहरान प्रशासन ने…
This website uses cookies.