BRICS Summit 2026 : राजधानी दिल्ली स्थित भारत मंडपम 12 और 13 सितंबर को आयोजित होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी के लिए पूरी तरह तैयार है। इस महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय आयोजन में ब्रिक्स सदस्य देशों के कई शीर्ष नेता शामिल होंगे। चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन समेत विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्षों की मौजूदगी सम्मेलन को वैश्विक स्तर पर खास बना रही है। भारत की अध्यक्षता में होने वाले इस आयोजन पर दुनियाभर की नजरें टिकी हैं।
पीएम मोदी देंगे वैश्विक नेताओं को विशेष रात्रिभोज
ब्रिक्स सम्मेलन के पहले दिन यानी 12 सितंबर की शाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से वैश्विक नेताओं के सम्मान में विशेष गाला डिनर का आयोजन किया जाएगा। इस रात्रिभोज के दौरान मेहमानों को भारतीय संस्कृति और परंपरा की शानदार झलक देखने को मिलेगी। कार्यक्रम को भारत की सांस्कृतिक विविधता, कला और संगीत को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करने के लिहाज से बेहद खास माना जा रहा है।
करीब 160 कलाकार देंगे संयुक्त सांस्कृतिक प्रस्तुति
गाला डिनर के दौरान एक विशेष ब्रिक्स सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में भारत और ब्रिक्स देशों के लगभग 160 कलाकार संयुक्त रूप से प्रस्तुति देंगे। करीब 20 से 25 मिनट के इस विशेष सांस्कृतिक शो का संचालन विदेश मंत्रालय के सांस्कृतिक प्रभाग भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद यानी ICCR के माध्यम से किया जा रहा है। इसमें भारत के 100 से अधिक प्रतिष्ठित कलाकार हिस्सा लेने वाले हैं।
भरतनाट्यम से कथक तक दिखेगी भारतीय कला
सांस्कृतिक कार्यक्रम में भारत के अलग-अलग हिस्सों की कला और परंपराओं को मंच पर उतारा जाएगा। भारतीय कलाकार भरतनाट्यम, कुचिपुड़ी, ओडिशी और कथक जैसे प्रमुख शास्त्रीय नृत्यों की प्रस्तुति देंगे। इन नृत्य शैलियों के जरिए देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को विदेशी मेहमानों के सामने प्रदर्शित किया जाएगा। कार्यक्रम में भारतीय संगीत की विविधता भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगी।
संगीत और गायन से सजेगा खास कार्यक्रम
नृत्य प्रस्तुतियों के साथ पारंपरिक भारतीय वाद्य यंत्रों की मधुर धुनें और गायन भी कार्यक्रम का हिस्सा होंगे। भारतीय कलाकार अपनी प्रस्तुतियों के जरिए देश की सांस्कृतिक विविधता को प्रदर्शित करेंगे। इसके अलावा ब्रिक्स के अन्य सदस्य देशों के संगीतकार भी अपनी पारंपरिक धुनों के माध्यम से इस विशेष आयोजन में रंग भरेंगे। इससे कार्यक्रम को अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक स्वरूप मिलेगा।
ब्रिक्स के 20 साल पूरे होने का भी खास मौका
साल 2026 ब्रिक्स समूह की स्थापना के 20 वर्ष पूरे होने का भी प्रतीक है। पिछले कुछ वर्षों में समूह का विस्तार हुआ है और मिस्र, इथियोपिया, ईरान, संयुक्त अरब अमीरात, सऊदी अरब तथा इंडोनेशिया जैसे देश इसके साथ जुड़े हैं। नए सदस्यों के शामिल होने से ब्रिक्स का वैश्विक प्रभाव और प्रतिनिधित्व पहले की तुलना में काफी व्यापक हुआ है।
पीएम मोदी ने साझा किया भारत मंडपम का वीडियो
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्रिक्स सम्मेलन को लेकर भारत मंडपम का एक आकर्षक 30 सेकंड का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किया है। उन्होंने वीडियो के साथ ब्रिक्स-2026 के लिए पूरी तरह तैयार होने का संदेश दिया। इस वीडियो के सामने आने के बाद सम्मेलन को लेकर लोगों की उत्सुकता और बढ़ गई है। दो दिवसीय शिखर सम्मेलन में वैश्विक राजनीति, अर्थव्यवस्था, व्यापार और सहयोग से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है।
दुनिया की नजर भारत में होने वाले ब्रिक्स सम्मेलन पर
भारत मंडपम में होने वाला यह शिखर सम्मेलन भारत के लिए कूटनीतिक और सांस्कृतिक दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण है। एक तरफ दुनिया के प्रमुख नेता वैश्विक चुनौतियों पर चर्चा करेंगे, वहीं दूसरी ओर गाला डिनर में भारतीय कला और संस्कृति की भव्य प्रस्तुति अंतरराष्ट्रीय मेहमानों को देश की विविध विरासत से परिचित कराएगी। ऐसे में ब्रिक्स सम्मेलन भारत की वैश्विक भूमिका और सांस्कृतिक शक्ति को प्रदर्शित करने वाला महत्वपूर्ण अवसर बन सकता है।
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