Independence Day : तमिलनाडु में 80वें स्वतंत्रता दिवस का समारोह पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने चेन्नई स्थित राज्य सचिवालय में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में योगदान देने वाले सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने सामाजिक एकता, सुशासन और भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की प्रतिबद्धता को प्रमुखता से सामने रखा।


जाति और धर्म की दीवारें खत्म करने पर जोर
मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि देश में सच्ची आजादी का अर्थ तभी पूरा होगा, जब जाति और धर्म के आधार पर होने वाले भेदभाव समाप्त होंगे। उन्होंने कहा कि समाज में मौजूद विभाजन की दीवारों को तोड़कर लोगों को एकजुट होना होगा। उनके मुताबिक, स्वतंत्रता केवल राजनीतिक अधिकार हासिल करने तक सीमित नहीं है, बल्कि हर व्यक्ति को सम्मान, समानता और न्याय का अनुभव होना भी जरूरी है।

स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को किया याद
विजय ने कहा कि भारत की आजादी असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने उन सभी वीरों को नमन करते हुए कहा कि गुलामी के खिलाफ लोगों में पैदा हुई एकता ने स्वतंत्रता आंदोलन को मजबूती दी। मुख्यमंत्री ने देशवासियों से अपील की कि आजादी के मूल्यों को मजबूत बनाने के लिए सामाजिक सौहार्द और भाईचारे को बढ़ावा दिया जाए।
भ्रष्टाचार मुक्त तमिलनाडु बनाने का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार की प्राथमिकताओं में तमिलनाडु को रिश्वत और भ्रष्टाचार से मुक्त करना शामिल है। उन्होंने ईमानदार और पारदर्शी प्रशासन देने की प्रतिबद्धता जताई। विजय ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा और शासन व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सरकार लगातार कदम उठाएगी।
केंद्र से सहयोग, विचारधारा पर अलग रुख
विजय ने केंद्र सरकार के साथ प्रशासनिक स्तर पर आवश्यक सहयोग जारी रखने की बात कही। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि नीतिगत और वैचारिक मुद्दों पर उनकी सरकार केंद्र की नीतियों का विरोध करती रहेगी। उन्होंने कहा कि राज्य के हितों से जुड़े विषयों पर तमिलनाडु की आवाज मजबूती से उठाई जाती रहेगी।

तीन महीने के कामकाज का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार के शुरुआती तीन महीनों के कामकाज का उल्लेख करते हुए कई फैसलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किसानों द्वारा लिए गए फसल ऋण माफ किए गए हैं। इसके साथ ही राज्य में 717 TASMAC शराब दुकानों को बंद करने का फैसला लिया गया है। विजय ने कहा कि उनकी सरकार पिछली सरकारों की जनहितकारी योजनाओं को भी जारी रख रही है।
अम्मा कैंटीन और ब्रेकफास्ट योजना जारी
विजय ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री जयललिता की अम्मा कैंटीन योजना को जारी रखा गया है। इसके अलावा सरकारी ब्रेकफास्ट स्कीम भी आगे चलती रहेगी। मुख्यमंत्री के अनुसार, जिन योजनाओं से आम लोगों को सीधा लाभ मिलता है, उन्हें राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर जारी रखना सरकार की जिम्मेदारी है।
जनता को बताया अपना ‘भाई’
मुख्यमंत्री विजय ने जनता से अपनी सरकार को लगातार समर्थन देने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोगों ने उन्हें अपना ‘भाई’ मानकर मुख्यमंत्री चुना है। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं और पहलों को प्रभावी तरीके से जनता तक पहुंचाने में लोगों का सहयोग जरूरी है। विजय ने कहा कि मुख्यमंत्री समेत सरकार में मौजूद सभी लोग जनता के सेवक हैं।
विरोधी ताकतों को हराने का दावा
विजय ने कहा कि उनकी सरकार के खिलाफ काम करने वाली ताकतों और कथित साजिशों का मजबूती से मुकाबला किया जाएगा। उन्होंने जनता से सरकार के विकास कार्यों में सहयोग करने की अपील की और भरोसा दिलाया कि प्रशासन राज्य के हितों को प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़ेगा।
पूर्व सैनिकों और स्वतंत्रता सेनानियों को बड़ी राहत
स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री ने पूर्व सैनिकों और स्वतंत्रता सेनानियों के लिए सहायता राशि बढ़ाने की घोषणा भी की। उन्होंने बताया कि दिव्यांग पूर्व सैनिकों को मिलने वाली मासिक सहायता राशि 5,000 रुपये से बढ़ाकर 7,000 रुपये कर दी गई है। वहीं स्वतंत्रता सेनानियों की मासिक सहायता राशि बढ़ाकर 23,000 रुपये करने का फैसला लिया गया है।
समारोह में कई प्रमुख हस्तियां रहीं मौजूद
चेन्नई में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में अभिनेत्री त्रिशा, मुख्यमंत्री विजय के पिता चंद्रशेखर और तमिलनाडु सरकार के कई मंत्री मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने राज्य की ओर से 376 साल पुराने किले में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। समारोह के दौरान देशभक्ति का माहौल रहा और मुख्यमंत्री ने सामाजिक समानता, पारदर्शी प्रशासन तथा जनकल्याण को राज्य की प्राथमिकताओं के रूप में सामने रखा।
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