Dhruv Rathee News : यूट्यूबर ध्रुव राठी को दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन से जुड़े घटनाक्रम के बीच हिरासत से छोड़ दिया गया। रिहाई के बाद उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर अपनी हिरासत पर सवाल उठाए। ध्रुव राठी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें उनके घर से जिस तरह उठाया, वह सामान्य गिरफ्तारी या हिरासत की प्रक्रिया नहीं थी। उन्होंने अपनी कार्रवाई को ‘किडनैपिंग’ बताया। हालांकि, उनके आरोपों और पुलिस की कार्रवाई से संबंधित सभी तथ्यों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।
भारतीय नागरिक होने का हवाला देकर अधिकारों की बात कही
वीडियो की शुरुआत में ध्रुव राठी ने अपना पासपोर्ट दिखाते हुए कहा कि वह भारतीय नागरिक हैं और उन्हें देश के अन्य नागरिकों के समान अधिकार प्राप्त हैं। उन्होंने उन खबरों और दावों को गलत बताया, जिनमें कथित तौर पर विदेशी पासपोर्ट धारक होने के कारण उनके प्रदर्शन में शामिल होने पर सवाल उठाए जा रहे थे। राठी ने कहा कि नागरिक होने के नाते उन्हें भी अपने विचार रखने और लोकतांत्रिक गतिविधियों में भाग लेने का अधिकार है।
घर से हिरासत में लेने की घटना पर लगाए आरोप
ध्रुव राठी के अनुसार, 10 अक्टूबर की सुबह करीब सात बजे वह गुरुग्राम के सेक्टर-56 स्थित अपने फ्लैट के बेडरूम में सो रहे थे। उन्होंने दावा किया कि सादे कपड़ों में आए करीब 20 लोग घर में दाखिल हुए और उन्हें बाहर ले गए। राठी ने कहा कि उस समय उनके माता-पिता भी घर पर मौजूद थे। उनके मुताबिक, बाद में उन्हें जानकारी मिली कि घर के बाहर भी बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
फोन छीनने और वकील से मिलने नहीं देने का दावा
राठी ने वीडियो में आरोप लगाया कि उन्हें सीढ़ियों से नीचे घसीटकर ले जाया गया, जिससे उनके शरीर पर चोटें आईं। उन्होंने कहा कि उन्हें चप्पल पहनने का अवसर भी नहीं मिला और उनका तथा उनके माता-पिता का फोन ले लिया गया। राठी के मुताबिक, पुलिस स्टेशन पहुंचने के बाद उन्होंने अपने वकील से संपर्क करने की मांग की, लेकिन उन्हें इसकी अनुमति नहीं मिली। उन्होंने दावा किया कि करीब 22 से 23 घंटे तक उन्हें हिरासत में रखा गया।
घर के बाहर निगरानी जारी रहने का भी आरोप
ध्रुव राठी ने कहा कि उनकी रिहाई के बाद भी घर के आसपास लोगों की मौजूदगी बनी हुई है। उन्होंने इसे हाउस अरेस्ट जैसी स्थिति बताया। अपने संदेश में उन्होंने CJP से जुड़े अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका की हिरासत का भी उल्लेख किया। राठी ने अपने समर्थकों का धन्यवाद किया और सोनम वांगचुक के प्रति आभार जताया।
बेंगलुरु में CJP के प्रदर्शन में शामिल हुए थे राठी
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, ध्रुव राठी 8 अक्टूबर को बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में CJP के प्रदर्शन में दिखाई दिए थे। यह विरोध मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़े मुद्दों को लेकर आयोजित किया गया था। इसके बाद वह दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने के लिए आए थे। दिल्ली पुलिस की कार्रवाई और राठी के आरोपों पर संबंधित पक्षों का आधिकारिक पक्ष सामने आना भी महत्वपूर्ण है।
Read More : Riyadh Airport Attack : रियाद एयरपोर्ट पर हमलों की भारत ने की निंदा, सऊदी अरब के साथ जताई एकजुटता