Etawah Murder Case : उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में हत्या का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सिविल लाइन थाना क्षेत्र की काशीराम कॉलोनी में श्यामसुंदर कटारिया का शव उनके ही घर में रखे बक्से से बरामद किया गया। कमरे से तेज दुर्गंध आने के बाद मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने हत्या के आरोप में मृतक की नाबालिग बेटी और उसके कथित प्रेमी अभिलाष को पकड़ने की जानकारी दी है।

एसएसपी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी जानकारी
इटावा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मामले की जानकारी साझा की। पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में सामने आया कि श्यामसुंदर अपनी बेटी के प्रेम संबंध का विरोध करते थे। इसी बात को लेकर घर में विवाद होने की जानकारी मिली है। पुलिस का दावा है कि इसी विरोध के चलते हत्या की साजिश रची गई। मामले में दोनों आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है।

पांच महीने पहले शुरू हुआ था परिचय
पुलिस के अनुसार, नाबालिग लड़की की पहचान अभिलाष से मोबाइल रिचार्ज कराने के सिलसिले में हुई थी। बताया गया है कि इस संपर्क में लड़की की बड़ी बहन के देवर सुनील की भूमिका थी। करीब पांच महीने पहले शुरू हुआ परिचय कथित तौर पर प्रेम संबंध में बदल गया। पुलिस का कहना है कि श्यामसुंदर इस रिश्ते से सहमत नहीं थे और बेटी को डांटते थे। जांच एजेंसियां इसी विवाद को वारदात की संभावित वजह मानकर आगे की पड़ताल कर रही हैं।
चाय में नींद की गोलियां मिलाने का आरोप
पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, अभिलाष कथित तौर पर नींद की गोलियां लेकर आया था। आरोप है कि लड़की ने चाय में गोलियां मिलाकर अपने पिता को पिला दीं। पिता के सो जाने के बाद उनके पैर रस्सी से बांधने की बात भी पुलिस ने बताई है। इसके बाद दोनों ने कथित तौर पर उन पर हमला किया। पुलिस के अनुसार, पहले चाकू से गले पर वार करने की कोशिश की गई, लेकिन सफल नहीं होने पर सिलबट्टे के बट्टे से सिर और चेहरे पर हमला किया गया। इस घटना में श्यामसुंदर की मौत हो गई।
कंबल में लपेटकर बक्से में छिपाया शव
पुलिस का दावा है कि हत्या के बाद आरोपियों ने शव को कंबल में लपेटकर घर में रखे बक्से में छिपा दिया था। उनकी योजना कथित तौर पर बाद में शव को दूसरी जगह ले जाकर ठिकाने लगाने की थी। हालांकि, कुछ दिन बाद कमरे से तेज दुर्गंध आने लगी, जिससे आसपास के लोगों को संदेह हुआ। परिजनों की सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और बक्सा खुलवाने पर शव बरामद किया।

सर्विलांस और फॉरेंसिक जांच से मिले सुराग
एसएसपी के मुताबिक, जांच में सर्विलांस, एसओजी, फॉरेंसिक टीम, सीसीटीवी फुटेज और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की मदद ली गई। पुलिस ने दोनों आरोपियों को पकड़ने के बाद उनकी निशानदेही पर कथित वारदात में इस्तेमाल किया गया सिलबट्टे का बट्टा, चाकू और खून से सने कपड़े बरामद करने का दावा किया है।
पुलिस की जांच जारी, नाबालिग के लिए अलग कानूनी प्रक्रिया
पुलिस ने मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। नाबालिग आरोपी के संबंध में किशोर न्याय कानून के तहत प्रक्रिया अपनाई जाएगी। पुलिस घटनाक्रम, बरामद साक्ष्यों और दोनों आरोपियों की कथित भूमिका की जांच कर रही है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के दौरान होगी।

