IMD Weather Alert 19 July : भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के एक बड़े हिस्से के लिए गंभीर मौसम संबंधी चेतावनी जारी की है। वर्तमान में उत्तर-पश्चिम, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत में मानसून की सक्रियता अपने चरम पर है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि उत्तर-पश्चिम और पूर्वोत्तर राज्यों में सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण और ट्रफ रेखाओं के कारण व्यापक वर्षा का दौर जारी रहेगा। इसके चलते देश के 15 राज्यों में हल्की से लेकर मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि इस दौरान 40 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिससे फसलों, पेड़ों और बिजली के बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुँचने का भारी खतरा है। इसके अतिरिक्त, आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं को लेकर भी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

उत्तर प्रदेश में 24 जुलाई तक भारी बारिश का दौर
उत्तर प्रदेश के निवासियों के लिए अगले कुछ दिन अत्यंत चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं। राज्य के अधिकांश हिस्सों में अगले 12 घंटों से लेकर 24 जुलाई तक व्यापक बारिश की संभावना है। आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार, पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश दोनों ही क्षेत्रों के लिए विशेष अलर्ट जारी किया गया है। मेरठ, नोएडा, गाजियाबाद, बरेली, मुरादाबाद और आगरा जैसे पश्चिमी जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। वहीं, लखनऊ, कानपुर, अयोध्या, गोरखपुर और वाराणसी समेत पूरे पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। प्रशासन ने भारी जलभराव और निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति से निपटने के लिए तैयारी रखने के निर्देश दिए हैं।

दिल्ली-एनसीआर में उमस और बारिश का मिला-जुला असर
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आज (19 जुलाई) मौसम का मिजाज मिला-जुला रहने वाला है। हालांकि दिन भर गर्मी और उमस का प्रकोप जारी रहेगा, लेकिन रविवार को हल्की बारिश की उम्मीद है। मौसम विभाग ने दिल्ली के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है, जिसके अनुसार सुबह या दोपहर से पहले कुछ इलाकों में गरज के साथ हल्की बौछारें पड़ सकती हैं। हवा की रफ्तार 20 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा तक रहने की संभावना है। तापमान की बात करें तो अधिकतम पारा 36 से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जिससे लोगों को चिपचिपी गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम ही है।
बिहार और झारखंड में व्यापक वर्षा का पूर्वानुमान
बिहार के लगभग सभी जिलों, जिनमें पटना, गया, मुजफ्फरपुर, भागलपुर और पूर्णिया शामिल हैं, में 19 से 21 जुलाई तक व्यापक वर्षा होने की प्रबल संभावना है। 21 से 24 जुलाई के बीच राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश की तीव्रता और बढ़ सकती है। इसी तरह, झारखंड के रांची, जमशेदपुर, धनबाद, पलामू और देवघर समेत राज्य के अधिकांश जिलों में 23 जुलाई तक बारिश का अलर्ट है। स्थानीय प्रशासन ने नदी के किनारों और जलभराव वाले इलाकों में सावधानी बरतने के लिए कहा है।
पर्वतीय राज्यों में ‘ऑरेंज अलर्ट’ और भूस्खलन का खतरा
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में मौसम विभाग ने ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। हिमाचल प्रदेश में सक्रिय हो रहे नए ‘वेस्टर्न डिस्टर्बेंस’ के कारण शिमला, मंडी, कांगड़ा और कुल्लू जैसे जिलों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी है। वहीं उत्तराखंड के देहरादून, नैनीताल, टिहरी और उत्तरकाशी में 19 और 20 जुलाई को अत्यधिक भारी बारिश का अनुमान है। इन राज्यों में पहाड़ी क्षेत्रों के निवासियों और पर्यटकों को भूस्खलन (लैंडस्लाइड) और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) जैसी घटनाओं को लेकर अत्यंत सावधान रहने की सलाह दी गई है। जम्मू-कश्मीर में भी 22 जुलाई तक भारी बारिश का अलर्ट है, जिससे नदियों के जलस्तर में वृद्धि की संभावना है।
राजस्थान में मानसून की सक्रियता
राजस्थान के पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में बारिश का सिलसिला 24 जुलाई तक जारी रहने की उम्मीद है। पूर्वी राजस्थान के जयपुर, अजमेर, कोटा और उदयपुर संभाग में 20 से 24 जुलाई के बीच भारी बारिश की संभावना है। वहीं, पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर, जैसलमेर, बीकानेर और श्रीगंगानगर में भी गरज-चमक के साथ बारिश की चेतावनी दी गई है। 22 से 24 जुलाई के दौरान यहां भी मूसलाधार बारिश से तापमान में गिरावट आ सकती है।
सावधानी और बचाव के उपाय
इस मौसम में नागरिकों को विशेष रूप से सावधानी बरतने की आवश्यकता है। मौसम विभाग ने सुझाव दिया है कि जब बिजली कड़क रही हो, तब पेड़ या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें। नदियों और जलप्रपातों के पास जाने से बचें और पहाड़ी इलाकों की यात्रा करते समय स्थानीय प्रशासन की सलाह को प्राथमिकता दें। आपदा प्रबंधन की टीमें हाई अलर्ट पर हैं ताकि खराब मौसम से होने वाली किसी भी आपात स्थिति का त्वरित समाधान किया जा सके।
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