Andhra politics : आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और YSRCP अध्यक्ष जगन मोहन रेड्डी के हालिया बयान ने राजनीतिक सरगर्मियां तेज कर दी हैं। जगन ने आरोप लगाया कि मौजूदा सीएम चंद्रबाबू नायडू, तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी के जरिए कांग्रेस सांसद राहुल गांधी से लगातार संपर्क में हैं। उन्होंने दावा किया कि दोनों नेताओं के बीच ‘हॉटलाइन’ पर बातचीत चल रही है। यह बयान इसलिए अहम माना जा रहा है क्योंकि नायडू की तेलुगु देशम पार्टी (TDP) एनडीए का हिस्सा है और लोकसभा में उसके पास 16 सीटें हैं।

रेवंत रेड्डी ने चंद्रबाबू की की तारीफ, अटकलें हुईं तेज
तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी ने हाल ही में माधापुर में आयोजित क्रेडाई प्रॉपर्टी शो के उद्घाटन समारोह में चंद्रबाबू नायडू की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि HITEC सिटी के विकास का श्रेय नायडू को जाता है, भले ही उन्हें इसका पूरा क्रेडिट न मिला हो। हालांकि इससे पहले विधानसभा में उन्होंने यह श्रेय पूर्व सीएम एन जनार्दन रेड्डी को दिया था, लेकिन कुछ ही दिनों में उनके सुर बदलने से सियासी अटकलें और बढ़ गई हैं।

टीडीपी से कांग्रेस तक का रेवंत रेड्डी का सफर
रेवंत रेड्डी का राजनीतिक करियर टीडीपी से शुरू हुआ। 2007 में एमएलसी बनने के बाद उन्होंने चंद्रबाबू नायडू का हाथ थामा और 2009 में टीडीपी टिकट पर विधानसभा चुनाव जीतकर पहुंचे। 2014 और 2018 में भी उन्होंने जीत हासिल की और पार्टी के फ्लोर लीडर बने। 2017 में मतभेदों के चलते उन्हें पद से हटा दिया गया, जिसके बाद उन्होंने कांग्रेस जॉइन कर ली। छात्र जीवन में वह आरएसएस और एबीवीपी से भी जुड़े रहे।
जगन के सवाल – राहुल गांधी भ्रष्टाचार पर चुप क्यों?
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में रेवंत रेड्डी ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर सवालों के जवाब देते हुए दावा किया कि चंद्रबाबू नायडू राहुल गांधी के संपर्क में हैं और यह बातचीत रेवंत रेड्डी के जरिए हो रही है। जगन ने राहुल गांधी से पूछा कि आंध्र प्रदेश में भ्रष्टाचार के मामलों पर वे चुप क्यों हैं और पिछले साल वोट चोरी के मुद्दे पर भी उन्होंने कोई प्रतिक्रिया क्यों नहीं दी।
टीडीपी ने आरोपों को बताया बकवास
जगन के बयान के बाद टीडीपी ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए इन अटकलों को खारिज कर दिया। पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रो. ज्योत्सना तिरुनगरी ने कहा कि टीडीपी की ‘हॉटलाइन’ केवल आंध्र प्रदेश की जनता के साथ है। उन्होंने पलटवार करते हुए जगन पर शराब घोटाले का आरोप लगाया और कहा कि वह मुद्दे से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रहे हैं।
राजनीति में गर्मी और गठबंधन पर नजरें
जगन के इस बयान के बाद आंध्र और तेलंगाना की राजनीति में नया मोड़ आ गया है। अगर उनके दावे में सच्चाई निकली, तो यह एनडीए के लिए बड़ा झटका हो सकता है। फिलहाल सभी की नजरें चंद्रबाबू नायडू और राहुल गांधी की संभावित राजनीतिक नजदीकियों पर टिकी हैं।










