दिल्ली की प्रतिष्ठित जामिया मिल्लिया इस्लामिया (Jamia Millia Islamia) यूनिवर्सिटी के छात्रों के लिए महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने शैक्षणिक गतिविधियों को सामान्य बनाने और पढ़ाई की व्यवस्था को पहले की तरह सुचारू करने के लिए ऑनलाइन कक्षाओं को समाप्त कर ऑफलाइन पढ़ाई शुरू करने का फैसला लिया है। इसके तहत दिवाली के बाद 10 नवंबर 2026 से विश्वविद्यालय के सभी संकायों और विभागों में नियमित फिजिकल मोड में कक्षाएं संचालित की जाएंगी। इस फैसले से उन विद्यार्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो लंबे समय से ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई कर रहे थे। अब छात्र दोबारा क्लासरूम में बैठकर शिक्षकों से सीधे संवाद कर सकेंगे। साथ ही लाइब्रेरी, प्रयोगशालाओं और अन्य शैक्षणिक सुविधाओं का भी नियमित उपयोग कर पाएंगे।

प्रशासन और एकेडमिक काउंसिल की बैठक में लिया गया फैसला
विश्वविद्यालय प्रशासन और एकेडमिक काउंसिल की हालिया बैठक में ऑफलाइन पढ़ाई बहाल करने को लेकर सहमति बनी। बैठक में माना गया कि विद्यार्थियों के शैक्षणिक और व्यावहारिक विकास के लिए नियमित रूप से कैंपस में कक्षाएं संचालित करना जरूरी है। ऑनलाइन शिक्षा के माध्यम से पढ़ाई जारी रहने के बावजूद कई ऐसी गतिविधियां हैं, जिनका पूरा लाभ विद्यार्थियों को नहीं मिल पा रहा था। इसी को ध्यान में रखते हुए विश्वविद्यालय ने फिजिकल मोड में पढ़ाई शुरू करने का निर्णय लिया है।

लैब वर्क और लाइब्रेरी रिसर्च के लिए ऑफलाइन पढ़ाई जरूरी
विश्वविद्यालय प्रशासन के फैसले के पीछे एक प्रमुख कारण प्रैक्टिकल शिक्षा को बेहतर बनाना भी है। विज्ञान और तकनीकी विषयों से जुड़े विद्यार्थियों के लिए प्रयोगशालाओं में अभ्यास करना महत्वपूर्ण होता है। इसके अलावा शोधार्थियों को केंद्रीय पुस्तकालय में उपलब्ध संसाधनों और शिक्षकों के मार्गदर्शन की आवश्यकता होती है। ऑनलाइन माध्यम से क्लासरूम डिस्कशन और सामूहिक शैक्षणिक गतिविधियां भी सीमित हो रही थीं। ऑफलाइन कक्षाएं शुरू होने से इन गतिविधियों को फिर से गति मिलने की उम्मीद है।
कैंपस, प्रयोगशालाओं और हॉस्टलों में तैयारियां तेज
10 नवंबर से विश्वविद्यालय खुलने से पहले प्रशासन की ओर से आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। सभी संकायों, विभागों, प्रयोगशालाओं, केंद्रीय पुस्तकालय और हॉस्टलों में साफ-सफाई तथा रखरखाव का काम पूरा किया जा रहा है। विद्यार्थियों की संख्या और अलग-अलग पाठ्यक्रमों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए चरणबद्ध तरीके से छात्रों को कैंपस में बुलाने की व्यवस्था भी की जा रही है। इसका उद्देश्य विश्वविद्यालय परिसर में भीड़ का उचित प्रबंधन करना और शैक्षणिक गतिविधियों को व्यवस्थित रूप से शुरू करना है।
छात्रों के लिए जरूरी दिशा-निर्देश, आईडी कार्ड रखना होगा अनिवार्य
ऑफलाइन कक्षाएं शुरू होने के बाद विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के निर्धारित नियमों का पालन करना होगा। कैंपस में प्रवेश के लिए वैध जामिया पहचान पत्र रखना जरूरी होगा। वहीं, दिल्ली से बाहर रहने वाले विद्यार्थियों के लिए हॉस्टल आवंटन से जुड़ी जानकारी विश्वविद्यालय के आधिकारिक नोटिस बोर्ड और पोर्टल पर जारी की जाएगी। इसके अलावा ऑनलाइन पढ़ाई की व्यवस्था समाप्त होने के बाद नियमित उपस्थिति पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। परीक्षाओं में शामिल होने के लिए निर्धारित न्यूनतम अटेंडेंस नियमों का पालन करना भी आवश्यक होगा।

16 नवंबर से शुरू होंगी टर्म एंड परीक्षाएं
जामिया के विद्यार्थियों के लिए परीक्षा से जुड़ा अपडेट भी महत्वपूर्ण है। विश्वविद्यालय के जारी सर्कुलर के अनुसार, टर्म एंड परीक्षाएं 16 नवंबर से 21 नवंबर 2026 के बीच आयोजित की जाएंगी। ये परीक्षाएं पेन और पेपर मोड में होंगी। ऐसे में विद्यार्थियों को ऑफलाइन कक्षाओं के साथ-साथ परीक्षा की तैयारी भी शुरू करनी होगी। संबंधित विभागों से परीक्षा कार्यक्रम और अन्य निर्देशों की जानकारी प्राप्त करना जरूरी रहेगा।
हॉस्टल और रहने की व्यवस्था के लिए छात्रों को करना होगा इंतजाम
दिल्ली से बाहर रहने वाले विद्यार्थियों को कैंपस खुलने से पहले अपनी रहने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की सलाह दी गई है। जिन छात्रों को विश्वविद्यालय के हॉस्टल में जगह नहीं मिलती है, वे जामिया नगर, ओखला, शाहीन बाग और बटला हाउस जैसे आसपास के इलाकों में किराये पर रहने की व्यवस्था तलाश सकते हैं।
आधिकारिक वेबसाइट पर नजर रखें विद्यार्थी
विश्वविद्यालय की कक्षाओं, विभागवार समय-सारणी, हॉस्टल आवंटन और परीक्षा से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए विद्यार्थियों को जामिया की आधिकारिक वेबसाइट jmi.ac.in पर जारी होने वाले नोटिस और सर्कुलर को ही प्राथमिकता देनी चाहिए। किसी भी अनधिकृत जानकारी पर भरोसा करने से बचें।


