Manipur Violence : मणिपुर के सेनापति जिले में एक बार फिर हिंसा भड़कने से इलाके में तनाव का माहौल बन गया। ताफू और आसपास के क्षेत्रों में तड़के दो समूहों के बीच कथित तौर पर झड़प और गोलीबारी हुई। इस दौरान केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल यानी CRPF का एक जवान घायल हो गया। हिंसा के बीच आगजनी की घटना भी सामने आई, जिसमें एक मकान पूरी तरह जलकर खाक हो गया, जबकि दो अन्य घरों को नुकसान पहुंचने की जानकारी है।
तड़के करीब 2:40 बजे हुई आगजनी
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना तड़के करीब 2:40 बजे की बताई जा रही है। स्थानीय स्वयंसेवक डी. दिगाबू ने बताया कि वह उस समय अपने घर के गेट के पास मौजूद थे। तभी अचानक नजदीक स्थित एक मकान से आग की लपटें दिखाई देने लगीं। देखते ही देखते इलाके में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई और लोगों ने आग बुझाने के लिए मदद की मांग शुरू कर दी।
ग्रामीणों ने पुलिस को दी तत्काल सूचना
आग दिखाई देने के बाद स्थानीय ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को घटना की जानकारी दी। लोगों ने मौके पर फायर ब्रिगेड भेजने की अपील भी की, ताकि आग को दूसरे घरों तक फैलने से रोका जा सके। स्थानीय लोगों के मुताबिक, सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बावजूद उपद्रवी आगजनी की घटना को अंजाम देने के बाद दक्षिण दिशा की ओर भाग गए। फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।
एक मकान पूरी तरह जलकर हुआ राख
हिंसा के दौरान आगजनी से एक घर पूरी तरह नष्ट हो गया। आग इतनी तेजी से फैली कि मकान को काफी नुकसान पहुंचा और वह जलकर राख हो गया। इसके अलावा आसपास स्थित दो अन्य मकानों को भी भारी क्षति पहुंचने की बात सामने आई है। घटना के बाद प्रभावित परिवारों और स्थानीय लोगों में चिंता का माहौल है। नुकसान का विस्तृत आकलन संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद सामने आने की उम्मीद है।
गोलीबारी में CRPF जवान हुआ घायल
हिंसा और आगजनी की सूचना मिलने के बाद सुरक्षाबलों ने इलाके में मोर्चा संभाला। इसी दौरान दो समूहों के बीच गोलीबारी शुरू हो गई। ड्यूटी पर तैनात एक CRPF जवान गोलीबारी की चपेट में आकर घायल हो गया। सुरक्षाकर्मियों और स्थानीय लोगों की मदद से घायल जवान को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी बताया जा रहा है।
आम नागरिकों के हताहत होने की सूचना नहीं
घटना के बाद सबसे बड़ी राहत की बात यह रही कि गोलीबारी और आगजनी की इस घटना में किसी आम नागरिक के हताहत होने की जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, हिंसा के कारण इलाके में डर और तनाव का माहौल बना हुआ है। प्रशासन की प्राथमिकता स्थिति को नियंत्रित करना और स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
इलाके में अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती
मणिपुर पुलिस के अनुसार, घटना के बाद ताफू और आसपास के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। सुरक्षाकर्मी लगातार क्षेत्र में गश्त कर रहे हैं और किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए सतर्क हैं। प्रशासन की ओर से स्थानीय लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की जा सकती है।
उपद्रवियों की पहचान में जुटी पुलिस
पुलिस ने हिंसा और आगजनी के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान शुरू कर दी है। इसके लिए घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों में जानकारी जुटाई जा रही है। सुरक्षाबलों की ओर से तलाशी अभियान भी चलाया जा रहा है, ताकि हिंसा में शामिल संदिग्धों का पता लगाया जा सके। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि दोनों समूहों के बीच विवाद किस वजह से शुरू हुआ।
तनाव के बीच सुरक्षा व्यवस्था पर नजर
सेनापति जिले में ताजा हिंसा की घटना ने एक बार फिर संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। प्रशासन की ओर से हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। फिलहाल पुलिस और सुरक्षाबलों की मौजूदगी बढ़ा दी गई है। अधिकारियों का प्रयास है कि इलाके में दोबारा हिंसा न भड़के और सामान्य स्थिति जल्द बहाल हो।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और हिंसा के पीछे की वजह का पता लगाने का प्रयास जारी है। आगजनी, गोलीबारी और CRPF जवान के घायल होने की घटना को लेकर सुरक्षा एजेंसियां अलग-अलग पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि हिंसा की शुरुआत कैसे हुई और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।
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