Michigan Shooting : अमेरिका में शनिवार को गोलीबारी की दो अलग-अलग घटनाओं ने लोगों को दहशत में डाल दिया। पहली घटना मिशिगन में हुई, जहां गोलीबारी में एक 16 वर्षीय किशोर समेत छह लोगों की मौत हो गई। वहीं, वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में हुई फायरिंग में पांच लोग घायल हुए। दोनों मामलों में पुलिस और जांच एजेंसियां घटनाओं की परिस्थितियों और हमलावरों की भूमिका की जांच कर रही हैं।


मिशिगन में छह लोगों की मौत
मिशिगन के मिसौकी काउंटी में शुक्रवार सुबह एक घर में गोलीबारी की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। अधिकारियों को वहां 16 वर्षीय लड़के, 45 वर्षीय पुरुष और 40 वर्षीय महिला के शव मिले। एक 13 वर्षीय किशोरी भी गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिली, जिसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस के अनुसार, सभी पीड़ितों को गोली लगी थी।

संदिग्ध हमलावर जंगल में मिला मृत
पुलिस ने बताया कि संदिग्ध हमलावर 39 वर्षीय चाड हिकमैन घटनास्थल से फरार हो गया था। इसके बाद अधिकारियों ने बड़े स्तर पर तलाशी अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान एक अन्य घर से 53 वर्षीय व्यक्ति का शव मिला। बाद में जंगल वाले इलाके में हिकमैन का शव भी बरामद हुआ। उसके पास एक 29 वर्षीय महिला का शव मिला, जिसे पुलिस ने गोलीबारी का शिकार बताया।
एक किशोरी सुरक्षित, पुलिस जांच जारी
अधिकारियों के मुताबिक एक किशोरी इस घटना में बच गई और उसकी हालत स्थिर है। पुलिस ने शनिवार को पीड़ितों की उम्र और लिंग की जानकारी साझा की, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया कि मृतकों और संदिग्ध के बीच क्या संबंध था। मामले की जांच जारी है और पुलिस घटना के पीछे की वजह तथा सभी परिस्थितियों का पता लगाने में जुटी है।
संदिग्ध का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया
कोर्ट रिकॉर्ड के अनुसार, हिकमैन को वर्ष 2024 में चौथे दर्जे के बाल शोषण के एक मामले में दोषी ठहराया गया था। उसे एक साल की जेल की सजा मिली थी। हालांकि, उसी मामले में गंभीर हमले और आपराधिक यौन आचरण से जुड़े आरोपों को अदालत ने खारिज कर दिया था। मिशिगन की गवर्नर ग्रेटचेन व्हिटमर ने घटना पर दुख जताते हुए पीड़ितों और उनके परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।

वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में पांच घायल
दूसरी घटना वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी में शनिवार तड़के हुई। यूनिवर्सिटी के क्वाड एनेक्सेस के पास कैंपस पुलिस और चेस्टरफील्ड काउंटी के अधिकारियों को पांच लोग गोली लगने से घायल मिले। सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। विश्वविद्यालय ने पुष्टि की कि घायलों में कम से कम एक व्यक्ति छात्र है।
कैंपस में लगाया गया लॉकडाउन
गोलीबारी के बाद विश्वविद्यालय परिसर में लॉकडाउन लागू कर दिया गया। पुलिस ने बताया कि घटना में कई संदिग्धों के शामिल होने की आशंका है। हालांकि, बाद में जांच एजेंसियों ने कहा कि कैंपस समुदाय के लिए तत्काल खतरा नहीं है और लॉकडाउन हटा लिया गया। पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां घटना से जुड़े सुराग जुटाने में लगी रहीं।
पांचों घायलों का अस्पताल में इलाज
पुलिस के अनुसार, शुरुआती जानकारी में एक घायल की स्थिति जानलेवा बताई गई थी, लेकिन बाद में उसकी हालत गंभीर बताई गई। अन्य घायलों को ऐसी चोटें आईं, जिनसे उनकी जान को तत्काल खतरा नहीं है। विश्वविद्यालय ने बताया कि जिस घायल के छात्र होने की पुष्टि हुई, उसे मामूली चोटें आई थीं और इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
छात्रों की सुरक्षा को लेकर चिंता
वर्जीनिया स्टेट यूनिवर्सिटी ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा और उनका स्वास्थ्य सर्वोच्च प्राथमिकता है। घटना ऐसे समय हुई जब नए शैक्षणिक सत्र की तैयारियां चल रही थीं और सोमवार से कक्षाएं शुरू होनी थीं। विश्वविद्यालय परिसर में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाई गई। छात्रों को अतिरिक्त सुरक्षा उपायों और सहायता सेवाओं से संबंधित जानकारी के लिए विश्वविद्यालय के संदेशों पर नजर रखने को कहा गया।
जांच में कई एजेंसियां शामिल
गोलीबारी की जांच में स्थानीय पुलिस के साथ संघीय और क्षेत्रीय एजेंसियां भी सहयोग कर रही हैं। अधिकारियों का उद्देश्य हमलावरों की पहचान, घटना की वजह और गोलीबारी की पूरी परिस्थितियों का पता लगाना है। इस घटना ने विश्वविद्यालय परिसर की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है।
नेताओं ने जताया दुख
वर्जीनिया की गवर्नर एबिगेल स्पैनबर्गर ने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की और बचावकर्मियों तथा कानून प्रवर्तन अधिकारियों के प्रयासों की सराहना की। सीनेटर मार्क वार्नर ने भी कैंपस में हुई गोलीबारी पर दुख जताया। स्थानीय समुदाय और विश्वविद्यालय से जुड़े लोगों ने घटना के बाद छात्रों की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की है।
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