Mithun Manhas : दिल्ली के पूर्व कप्तान और जम्मू-कश्मीर के क्रिकेटर मिथुन मन्हास के नाम भारतीय क्रिकेट के सर्वोच्च पद, यानी BCCI अध्यक्ष बनने की संभावना तेज हो गई है। बीसीसीआई की 28 सितंबर को होने वाली वार्षिक आम बैठक (AGM) में मन्हास के नाम की आधिकारिक घोषणा हो सकती है। अगर यह तय होता है तो यह भारतीय क्रिकेट इतिहास में पहली बार होगा जब कोई अनकैप्ड खिलाड़ी बीसीसीआई का अध्यक्ष बनेगा। मिथुन मन्हास: अनकैप्ड खिलाड़ी से BCCI अध्यक्ष तक का सफर मिथुन मन्हास जम्मू-कश्मीर के पहले ऐसे क्रिकेटर हैं जिनका नाम BCCI के अध्यक्ष पद के लिए जोरशोर से चर्चा में है। उन्होंने राष्ट्रीय टीम के लिए कभी खेला नहीं, लेकिन घरेलू क्रिकेट में उन्होंने दिल्ली के कप्तान के रूप में शानदार प्रदर्शन किया। मन्हास ने दिल्ली के लिए रणजी ट्रॉफी समेत कई बड़े टूर्नामेंट में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने हाल ही में जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन में एडमिनिस्ट्रेटर के तौर पर काम किया है। इसके अलावा, वे IPL की फ्रेंचाइजी गुजरात टाइटंस के सपोर्ट स्टाफ का भी हिस्सा रह चुके हैं। इसके अलावा दलीप ट्रॉफी में नॉर्थ जोन के कन्वेनर के तौर पर भी मन्हास ने क्रिकेट प्रशासन में अपनी छाप छोड़ी है। मिथुन मन्हास होंगे तीसरे क्रिकेटर BCCI अध्यक्ष इतिहास में अब तक केवल दो भारतीय क्रिकेटर ही BCCI अध्यक्ष बने हैं। मिथुन मन्हास तीसरे क्रिकेटर होंगे जो इस पद को संभालेंगे। इससे बीसीसीआई की नेतृत्व टीम में खिलाड़ियों का प्रतिनिधित्व और भी मजबूत होगा। BCCI के अहम पदों पर होंगे ये 5 लोग मिथुन मन्हास के BCCI अध्यक्ष बनने के साथ ही भारतीय क्रिकेट के प्रशासन में 5 प्रमुख नाम अहम भूमिका निभाएंगे: मिथुन मन्हास — BCCI अध्यक्ष सुनील गावस्कर — सलाहकार या तकनीकी समिति में शामिल होने की संभावना द्रविड़ या धवन — पूर्व खिलाड़ी के रूप में चयन समिति या तकनीकी बोर्ड में भूमिका गुजरात टाइटंस के अधिकारी — IPL टीम से जुड़े अधिकारी जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन के वरिष्ठ सदस्य — क्षेत्रीय क्रिकेट को मजबूत करने के लिए इन सभी के मिलने से भारतीय क्रिकेट प्रशासन में नए दौर की शुरुआत होगी, जो खेल को नई दिशा और पारदर्शिता प्रदान करेगी। मन्हास के अध्यक्ष बनने से क्या होंगे फायदे? अनकैप्ड खिलाड़ी का प्रतिनिधित्व: मिथुन मन्हास की नियुक्ति से घरेलू क्रिकेटरों और अनकैप्ड खिलाड़ियों को मजबूत आवाज़ मिलेगी। प्रशासन में नई ऊर्जा: उनके अनुभव से BCCI में नई ऊर्जा और समर्पण आएगा। क्रिकेट विकास: जम्मू-कश्मीर जैसे क्षेत्रों में क्रिकेट को बढ़ावा मिलेगा। IPL और घरेलू क्रिकेट का समन्वय: मन्हास के IPL अनुभव से लीग और घरेलू क्रिकेट के बीच बेहतर तालमेल बनेगा। इंतजार है आधिकारिक घोषणा का हालांकि बीसीसीआई की ओर से अभी तक मिथुन मन्हास के अध्यक्ष बनने की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन 28 सितंबर को होने वाली AGM में इसका खुलासा होने की पूरी संभावना है। भारतीय क्रिकेट प्रेमी इस फैसले का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।मिथुन मन्हास का BCCI अध्यक्ष बनना भारतीय क्रिकेट के लिए एक नई शुरुआत होगी। यह कदम न केवल प्रशासनिक सुधारों को तेज करेगा बल्कि घरेलू और अनकैप्ड खिलाड़ियों के लिए भी उम्मीदों की नई किरण लेकर आएगा। आने वाले दिनों में भारतीय क्रिकेट की दिशा और भी सकारात्मक और समावेशी होने की उम्मीद है। Read More: Britain recognizes Palestine: ब्रिटेन का बड़ा कदम: फिलिस्तीन को जल्द देगा औपचारिक मान्यता, इजराइल में विरोध तेज
















