Bihar Election 2025:बिहार में चुनावी माहौल से ठीक पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अगुवाई वाली सरकार ने राज्य के छात्रों, सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बड़ा तोहफा दिया है। मंगलवार को हुई राज्य कैबिनेट की अहम बैठक में कुल 129 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई, जिनमें सबसे अहम फैसले छात्रवृत्ति में दोगुनी बढ़ोतरी और महंगाई भत्ते में 3% इजाफा हैं।

छात्रवृत्ति हुई दोगुनी – CM बालक-बालिका योजना को मिला विस्तार
राज्य सरकार ने शिक्षा विभाग के उस प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी, जिसमें मुख्यमंत्री बालक-बालिका योजना के तहत दी जाने वाली छात्रवृत्ति को दोगुना करने की बात कही गई थी।
नई छात्रवृत्ति दरें इस प्रकार हैं:
| कक्षा | पहले की राशि | अब की राशि |
|---|---|---|
| 1 से 4 | ₹600 | ₹1200 |
| 5 से 6 | ₹1200 | ₹2400 |
| 7 से 8 | ₹1800 | ₹3600 |
| 9 से 10 | ₹1800 | ₹3600 |
यह योजना 2013 से राज्य में चल रही है, लेकिन पहली बार इसमें इतनी बड़ी बढ़ोतरी की गई है। इससे लाखों छात्रों को राहत मिलेगी, खासकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों को।
महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी – अब मिलेगा 58% DA
सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को लुभाते हुए बिहार सरकार ने केंद्र सरकार के 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों के तहत महंगाई भत्ते (DA) में 3% की बढ़ोतरी का ऐलान किया है। अब DA बढ़कर 58% हो गया है।
इस फैसले से राज्य के लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स को सीधा लाभ मिलेगा। यह कदम चुनावी मौसम में कर्मचारियों को साधने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।
कैबिनेट की बैठक में कई अहम फैसले
कैबिनेट की इस बैठक में सभी प्रमुख विभागों के मंत्री उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में शिक्षा, वित्त, श्रम, और ग्रामीण विकास जैसे विभागों से जुड़े कुल 129 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इनमें रोजगार, इंफ्रास्ट्रक्चर और समाज कल्याण से संबंधित फैसले भी शामिल हैं।
चुनाव से पहले लिया गया यह फैसला नीतीश सरकार के सामाजिक और आर्थिक सुधार एजेंडे को रेखांकित करता है। एक ओर छात्रों की मदद के लिए छात्रवृत्ति दोगुनी की गई है, तो दूसरी ओर कर्मचारियों के आर्थिक हितों को ध्यान में रखते हुए DA में भी वृद्धि की गई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह फैसला वोटरों को साधने की मास्टर स्ट्रोक साबित हो सकता है।


















