PACL Chit Fund Scam : बहुचर्चित पीएसीएल चिटफंड घोटाले में सूरजपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। निवेशकों को पैसा दोगुना करने का लालच देकर करोड़ों रुपये की कथित धोखाधड़ी करने वाले कंपनी के दो और डायरेक्टरों को गिरफ्तार किया गया है। इन गिरफ्तारियों के साथ इस मामले में अब तक पकड़े गए आरोपियों की संख्या बढ़कर आठ हो गई है।
जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए आरोपी
डीआईजी एवं एसएसपी प्रशांत कुमार ठाकुर के निर्देश पर फरार और अन्य राज्यों में बंद आरोपियों की तलाश तेज की गई थी। जांच के दौरान पता चला कि कंपनी के दो डायरेक्टर गुरजंट सिंह गिल उर्फ गुरजन सिंह और गुरूनाम सिंह कवर्धा जिला जेल में बंद हैं। इसके बाद पुलिस ने न्यायालय से प्रोडक्शन वारंट प्राप्त कर दोनों को सूरजपुर लाकर पूछताछ की और उन्हें गिरफ्तार किया।

पैसा दोगुना करने का दिया था झांसा
पुलिस के अनुसार पीएसीएल कंपनी के डायरेक्टरों ने निवेशकों को कम समय में राशि दोगुनी होने का प्रलोभन देकर बड़ी मात्रा में धन जमा कराया। लेकिन मैच्योरिटी अवधि पूरी होने के बाद भी निवेशकों को उनका पैसा वापस नहीं किया गया, जिससे करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी सामने आई।

2016 से दर्ज है मामला
इस संबंध में थाना सूरजपुर में अपराध क्रमांक 182/2016 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 120-बी तथा इनामी चिटफंड एवं धन परिचालन स्कीम (प्रतिबंध) अधिनियम, 1978 और पीडीआई एक्ट, 2005 की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर विवेचना की जा रही है।
अब तक आठ डायरेक्टर गिरफ्त में
पुलिस इससे पहले कंपनी के छह अन्य डायरेक्टर—निर्मल सिंह भंगू, त्रिलोचन सिंह, सुखदेव सिंह, जोगेन्दर टाइगर, गुरमीत सिंह और सुब्रत भट्टाचार्य को गिरफ्तार कर चुकी है। ताजा कार्रवाई के बाद इस प्रकरण में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या आठ हो गई है। पुलिस का कहना है कि चिटफंड मामलों में फरार अन्य आरोपियों और निवेशकों की राशि से जुड़े पहलुओं की जांच जारी है। मामले में आगे भी महत्वपूर्ण कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।











