Pratappur News : आरएसएस की स्थापना के सौ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर खंड प्रतापपुर के विभिन्न मंडलों में पंथ संचलन के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में ग्राम गोविंदपुर मंडल में भी स्वयं सेवकों ने पथ संचलन किया। पथ संचलन में धोंधा मंडल के स्वयं सेवकों ने भी भाग लिया।

बड़ी संख्या में उपस्थित स्वयं सेवकों ने ध्वज प्रणाम, संघ गीत, संघ प्रार्थना व पुष्पांजलि के साथ पथ संचलन आरंभ किया। पथ संचलन में शामिल स्वयं सेवक कदम से कदम मिलाते हुए गांव के विभिन्न स्थानों से गुजरे। इस दौरान पूरा गांव देशभक्ति में लीन दिखाई दिया। गांव के चौक चौराहों पर मौजूद ग्रामीण माताओं बहनों ने राष्ट्र के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए स्वयं सेवकों पर पुष्प वर्षा की। पथ संचलन पश्चात भारत माता, संघ के गुरु माधव सदाशिव गोलवलकर, संस्थापक डा केशव बलिराम हेडगेवार के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर शस्त्र पूजन किया गया।


इस दौरान मुख्य वक्ता एवं जिला संघ चालक सूरजपुर दुर्गा चरण सिंह ने अपने बौद्धिक उद्बोधन में कहा कि संघ सदैव से ही राष्ट्र हित में समर्पित रहा है। राष्ट्र में आने वाली किसी भी आपदा की घड़ी में संघ से जुड़े करोड़ों स्वयं सेवक बिना किसी भेदभाव के सभी जाति व धर्म के लोगों की निस्वार्थ भाव से सहायता करते हैं। स्वयं सेवक भारत माता व राष्ट्र को सर्वोपरि मानते हुए देश को सशक्त बनाने कार्य करते हैं उन्हें किसी पद या सम्मान की अभिलाषा नहीं होती। मुख्य वक्ता ने कहा कि आज देश के समक्ष विभिन्न चुनौतियां हैं जिनसे निपटने मजबूत इच्छाशक्ति से कार्य करने की आवश्यकता है। ऐसे में संघ के प्रशिक्षण वर्ग चरित्र निर्माण की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
कार्यक्रम में स्वयं सेवकों ने पंच परिवर्तन का भी संकल्प लिया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि पद्मश्री माता राजमोहनी देवी की पुत्री राम बाई, मुख्य शिक्षक विद्या चरण धुर्वे, प्रार्थना प्रमुख विकास जायसवाल व ध्वज वाहक अंकुर पटेल थे। सुभाषित अमलेश्वर सिंह, एकल गीत अजीत गुप्ता व अमृत वचन पप्पू यादव ने प्रस्तुत किया।











