Sagar Liquor Case : मध्य प्रदेश के सागर जिले में जहरीली शराब मामले से जुड़े मुख्य आरोपी और 30 हजार रुपये के इनामी बदमाश मनीष लोधी उर्फ यशवंत ठाकुर से पुलिस की मुठभेड़ हो गई। पुलिस के अनुसार, 23 सितंबर को करीब दोपहर 3 बजे मालथौन थाना क्षेत्र में नोनिया-सेसई रोड की घाटी के पास यह मुठभेड़ हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में मनीष लोधी के पैर में गोली लगी, जबकि उसका साथी आशीष साहू भी घायल हो गया। दोनों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
नोनिया-सेसई रोड पर आमना-सामना
पुलिस के मुताबिक, सागर के बड़ा और विनायका थाना क्षेत्रों में सामने आए जहरीली शराब प्रकरण के बाद से ही मनीष लोधी की तलाश की जा रही थी। उसकी गिरफ्तारी पर 30 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस की टीमें लगातार उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं। इसी दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी अपने साथी के साथ इलाके में मौजूद है। सूचना के आधार पर टीम ने इलाके में तलाश शुरू की।
पुलिस ने जवाबी फायरिंग का किया दावा
पुलिस के अनुसार, टीम जब नोनिया-सेसई रोड की घाटी के पास पहुंची तो मनीष लोधी और आशीष साहू से सामना हो गया। पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने पुलिस टीम को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। फायरिंग के दौरान मनीष लोधी के पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। वहीं, मौके से भागने की कोशिश कर रहा उसका साथी आशीष साहू भी घायल हो गया।
मौके से दो देशी कट्टे बरामद
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल की तलाशी ली। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास से दो देशी कट्टे, पांच खाली कारतूस और एक बेसबॉल का डंडा बरामद हुआ है। पुलिस ने हथियारों और अन्य सामान को जब्त कर जांच के लिए सुरक्षित कर लिया है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। पुलिस टीम ने मौके को सुरक्षित करते हुए आवश्यक कानूनी और जांच संबंधी प्रक्रिया शुरू कर दी।
दोनों घायल आरोपियों का अस्पताल में इलाज
मुठभेड़ के बाद घायल मनीष लोधी और आशीष साहू को पुलिस की निगरानी में अस्पताल पहुंचाया गया। वहां दोनों का चिकित्सकीय परीक्षण और उपचार कराया जा रहा है। पुलिस अब मेडिकल रिपोर्ट और घायलों के बयानों को भी जांच का हिस्सा बनाएगी। इसके अलावा बरामद हथियारों और कारतूसों की जांच कर यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि उनका इस्तेमाल किस तरह किया गया था।
पहले भी हुई थी पुलिस की कार्रवाई
सागर जहरीली शराब मामले में पुलिस इससे पहले भी कार्रवाई कर चुकी है। 16 सितंबर को इसी प्रकरण में एक आरोपी को पुलिस कार्रवाई के बाद गिरफ्तार किया गया था। अब मुख्य आरोपी मनीष लोधी के घायल होने के बाद पुलिस उसकी भूमिका के साथ-साथ मामले में शामिल अन्य लोगों की जानकारी भी जुटा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे नेटवर्क और शराब की सप्लाई से जुड़े पहलुओं की जांच जारी है।
जहरीली शराब से कई मौतों का मामला
सागर जिले के बंडा ब्लॉक में सितंबर 2026 की शुरुआत में जहरीली शराब पीने से कई लोगों की मौत का मामला सामने आया था। अलग-अलग क्षेत्रों से मौतों की जानकारी मिलने के बाद प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए। इसके बाद पुलिस ने संदिग्धों की पहचान और शराब की सप्लाई चेन की जांच तेज कर दी।
ललितपुर कनेक्शन की भी जांच
शुरुआती जांच में जहरीली शराब की सप्लाई का कनेक्शन उत्तर प्रदेश के ललितपुर से सामने आने की बात कही गई थी। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि कथित तौर पर शराब सागर तक किस माध्यम से पहुंची और इसकी सप्लाई में कौन-कौन लोग शामिल थे। पुलिस मनीष लोधी समेत अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है। बरामद साक्ष्यों, मेडिकल रिपोर्ट और आरोपियों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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