Bihar Elections 2025: बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक महफिल गरमाई हुई है। महागठबंधन की सत्ता से हटाने के लिए एनडीए पूरी ताकत झोंक रहा है, लेकिन इस बीच एक नया समीकरण बिहार की राजनीति में भूचाल ला सकता है। असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के नेतृत्व में तीसरे मोर्चे का गठन हो रहा है, जिसका नाम रखा गया है ‘ग्रैंड डेमोक्रेटिक अलायंस’ (GDA)। इस नए गठबंधन में तेज प्रताप यादव की जन शक्ति जनता दल, चंद्रशेखर आजाद की आजाद समाज पार्टी और पशुपति पारस की राष्ट्रीय लोकशक्ति पार्टी शामिल हैं।

तेज प्रताप यादव के साथ AIMIM का गठजोड़
सूत्रों की मानें तो तेज प्रताप यादव की पार्टी जन शक्ति जनता दल, आजाद समाज पार्टी और राष्ट्रीय लोकशक्ति पार्टी AIMIM के संपर्क में हैं, ताकि बिहार के आगामी चुनाव में एक मजबूत तीसरा मोर्चा बनाया जा सके। AIMIM के बिहार अध्यक्ष अख्तरुल ईमान ने इस गठबंधन का नाम ‘ग्रैंड डेमोक्रेटिक अलायंस’ घोषित करते हुए कहा कि इस गठबंधन का दायरा बहुत बड़ा होगा और जल्द ही इसका विस्तार किया जाएगा।

अख्तरुल ईमान का बड़ा बयान: आरजेडी बीजेपी की ‘बी टीम’
अख्तरुल ईमान ने आरजेडी पर भी तीखे निशाने साधे हैं। उन्होंने कहा कि आरजेडी दरअसल बीजेपी की बी टीम है। उन्होंने बताया कि बिहार में लगभग 18 फीसदी मुस्लिम आबादी के साथ गठबंधन के लिए AIMIM ने आरजेडी से संपर्क किया था और सिर्फ छह सीटों की मांग की थी, लेकिन आरजेडी ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया। इसके चलते मुसलमानों में भारी आक्रोश व्याप्त है और उनका मानना है कि महागठबंधन को इस बार चुनाव में इसका खामियाजा भुगतना पड़ सकता है।
बिहार चुनाव 2025 का पूरा शेड्यूल
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में कुल 243 सीटों पर दो चरणों में मतदान होगा। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होगा जबकि दूसरे चरण के लिए 11 नवंबर को मतदान किया जाएगा। परिणाम 14 नवंबर को घोषित होंगे। पहले चरण के लिए नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 17 अक्टूबर और नामांकन वापस लेने की अंतिम तारीख 20 अक्टूबर है। वहीं दूसरे चरण के लिए 20 अक्टूबर तक नामांकन दाखिल किए जा सकते हैं और 23 अक्टूबर तक नाम वापस लिए जा सकते हैं। पहले चरण में 121 सीटों और दूसरे चरण में 122 सीटों पर वोट डाले जाएंगे।
तीसरे मोर्चे के गठन से बिहार की राजनीतिक तस्वीर में नाटकीय बदलाव आने की संभावना है। तेज प्रताप यादव जैसे दिग्गज नेता के साथ AIMIM का गठबंधन महागठबंधन के लिए चुनौती साबित हो सकता है। बिहार की राजनीति में यह नया ‘ग्रैंड डेमोक्रेटिक अलायंस’ किस हद तक असर दिखाता है, यह चुनाव परिणामों में स्पष्ट होगा। फिलहाल, सभी राजनीतिक दल अपनी तैयारियों में जुटे हैं और आगामी चुनाव की गहमागहमी तेज हो चुकी है।











