World Athletics Championships 2025: वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2025 में भारत और पाकिस्तान के स्टार जेवलिन थ्रोअर के लिए फाइनल मुकाबला अब तक उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा है। जहां नीरज चोपड़ा फिलहाल आठवें स्थान पर चल रहे हैं, वहीं पाकिस्तान के ओलिंपिक मेडलिस्ट अरशद नदीम फाइनल की रेस से बाहर हो चुके हैं। यह खबर भारतीय फैंस के लिए मिश्रित भावनाओं वाली है – एक ओर मुख्य प्रतिद्वंद्वी बाहर हो गया है, तो दूसरी ओर नीरज अब तक फॉर्म में नहीं दिखे हैं।

अरशद नदीम का निराशाजनक प्रदर्शन
पाकिस्तान के अरशद नदीम को इस बार बड़े दावेदारों में से एक माना जा रहा था। उन्होंने टोक्यो ओलिंपिक 2021 में बेहतरीन प्रदर्शन कर दुनिया का ध्यान खींचा था और भारत के नीरज चोपड़ा के साथ उनकी राइवलरी भी चर्चा में रही थी। लेकिन इस बार वर्ल्ड चैंपियनशिप के फाइनल में अरशद अपने बेस्ट प्रदर्शन को दोहराने में नाकाम रहे और शुरुआती तीन थ्रो के बाद ही नॉकआउट हो गए।

नीरज चोपड़ा अभी आठवें स्थान पर
भारत के गोल्ड मेडलिस्ट नीरज चोपड़ा भी अब तक अपने बेस्ट फॉर्म में नजर नहीं आ रहे हैं। उनके शुरुआती थ्रो अपेक्षा से कमजोर रहे और वे अभी आठवें स्थान पर हैं। हालांकि नीरज के पास अभी मौके हैं, लेकिन उन्हें जल्द ही अपने प्रदर्शन में सुधार लाना होगा ताकि वे पोडियम फिनिश की दौड़ में बने रह सकें।
सचिन यादव से उम्मीदें बढ़ीं
इस बीच भारत के एक अन्य युवा थ्रोअर सचिन यादव ने सभी को चौंकाते हुए चौथे स्थान पर अपनी जगह बनाई है। उनका प्रदर्शन अब तक संतुलित और प्रभावशाली रहा है। अगर वे यही फॉर्म बरकरार रखते हैं, तो भारत के लिए एक और मेडल की संभावना बन सकती है।
फाइनल में रोमांच बरकरार
वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप का जेवलिन थ्रो फाइनल अब और भी रोमांचक हो गया है। जहां दिग्गज खिलाड़ी जैसे अरशद नदीम बाहर हो चुके हैं, वहीं नए नाम सामने आ रहे हैं। भारतीय फैंस की नजरें अब नीरज चोपड़ा की वापसी पर टिकी हैं। वहीं, सचिन यादव जैसे युवा खिलाड़ी ने भविष्य की उम्मीदें बढ़ा दी हैं।
अरशद नदीम का बाहर होना पाकिस्तान के लिए बड़ा झटका है, वहीं नीरज चोपड़ा के लिए यह चेतावनी है कि अगर उन्हें टॉप पर लौटना है, तो अगली थ्रो में कुछ खास करना होगा। सचिन यादव ने जिस तरह से चुपचाप लेकिन दमदार प्रदर्शन किया है, उसने भारतीय एथलेटिक्स को नई ऊर्जा दी है। आने वाले मिनटों में तय होगा कि भारत को इस बार कितने मेडल मिलते हैं।










