Ambikapur News : नजूल भूमि के पट्टों के नवीनीकरण की जटिल प्रक्रिया और लहपटरा टोल प्लाजा से नियमित आवागमन करने वाले स्थानीय लोगों पर पड़ रहे अतिरिक्त आर्थिक बोझ को लेकर कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। प्रदेश कांग्रेस सहसचिव राकेश सिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को सरगुजा कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर दोनों समस्याओं के शीघ्र निराकरण की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया है कि वर्ष 1996 के बाद 30 वर्ष की अवधि पूर्ण होने के चलते अंबिकापुर शहर में नजूल भू-खंडों के नवीनीकरण की प्रक्रिया 30 मार्च 2026 से लंबित है। शहर में करीब 20 हजार नजूल भूस्वामियों में से लगभग 80 प्रतिशत लोग इससे प्रभावित हो रहे हैं। कांग्रेस का आरोप है कि वर्तमान नवीनीकरण प्रक्रिया जटिल होने के साथ ही बड़ी संख्या में प्रकरणों के निराकरण के लिए सरकारी मशीनरी की क्षमता भी पर्याप्त नहीं है। इसके चलते आम नागरिकों, विशेषकर व्यवसायियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रदेश कांग्रेस सहसचिव राकेश सिंह ने कहा कि नजूल पट्टों के नवीनीकरण और लहपटरा टोल प्लाजा दोनों का सबसे अधिक प्रभाव अंबिकापुर शहर और आसपास के व्यवसायी वर्ग पर पड़ रहा है। उन्होंने मंत्री राजेश अग्रवाल से नजूल पट्टा नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल कराने के लिए राज्य सरकार से पहल करने तथा लहपटरा टोल से नियमित गुजरने वाले स्थानीय लोगों को राहत दिलाने के लिए केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से चर्चा करने की मांग की।
ज्ञापन में अंबिकापुर-बिलासपुर मार्ग पर स्थापित लहपटरा टोल प्लाजा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। कांग्रेस नेताओं के अनुसार अंबिकापुर से उदयपुर और आगे तक नौकरी, व्यवसाय एवं अन्य कार्यों के लिए प्रतिदिन निजी वाहनों से आवागमन करने वाले लोगों को टोल शुल्क के कारण अतिरिक्त आर्थिक भार उठाना पड़ रहा है। प्रतिनिधिमंडल ने नियमित स्थानीय यात्रियों के लिए टोल शुल्क में राहत अथवा विशेष व्यवस्था की मांग की।
जिला कांग्रेस सचिव अविनाश कुमार ने कहा कि नजूल भूमि पट्टा नवीनीकरण की जटिलता का फायदा उठाकर दलाल सक्रिय हो गए हैं और लोगों से लाखों रुपये की वसूली किए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने सरकार से वार्डवार शिविर आयोजित कर नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग की, ताकि आम लोगों को बिचौलियों के चंगुल से राहत मिल सके। इस दौरान अमित सिंह, केदार यादव सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एवं प्रतिनिधिमंडल के सदस्य मौजूद रहे।