Bay of Bengal Ship Missing : बंगाल की खाड़ी में एक बड़े समुद्री हादसे की खबर सामने आई है। ओडिशा के पारादीप तट से करीब 240 समुद्री मील दूर पनामा के झंडे वाला एक कार्गो जहाज लापता हो गया है। जहाज पर कुल 24 क्रू मेंबर सवार थे। घटना की जानकारी मिलते ही भारतीय तटरक्षक बल और भारतीय नौसेना ने बड़े पैमाने पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है। फिलहाल दो क्रू सदस्यों को सुरक्षित बचाए जाने की पुष्टि हुई है।
चीन के लिए लौह अयस्क लेकर निकला था जहाज
जानकारी के अनुसार, ‘Ocean Wear’ नाम का यह मालवाहक जहाज 20 अगस्त को पारादीप पोर्ट से लौह अयस्क लेकर चीन के लिए रवाना हुआ था। रिपोर्ट के मुताबिक, यात्रा शुरू करने के करीब एक दिन बाद ही जहाज से संपर्क टूट गया। जहाज से जुड़े दस्तावेजों में इसका नाम MV Ocean Winner और IMO नंबर 9145530 भी बताया गया है। घटना के बाद जहाज के ऑपरेटर Victory Star Group Co Ltd ने बचाव सहायता की मांग की।
22 अगस्त को टूटा था जहाज से संपर्क
मर्चेंट शिपिंग सेफ्टी सेंटर (MRCC) को 22 अगस्त को सुबह करीब 11:48 बजे जहाज से संपर्क टूटने की सूचना मिली। जहाज पर मौजूद 24 क्रू मेंबरों में 20 चीनी नागरिक, तीन म्यांमार के नागरिक और एक बांग्लादेशी नागरिक शामिल थे। सूचना मिलते ही भारतीय समुद्री खोज एवं बचाव नेटवर्क को सक्रिय कर दिया गया। इसके बाद संभावित स्थानों पर तलाशी अभियान शुरू किया गया।
आखिरी लोकेशन से शुरू हुई समुद्री तलाश
अधिकारियों के मुताबिक, जहाज की आखिरी ज्ञात लोकेशन ईस्ट आइलैंड लाइट से करीब 310 नॉटिकल मील दूर बताई गई। MRCC ने तुरंत समुद्र में मौजूद अन्य संसाधनों को सक्रिय किया। इसी क्रम में MT AISOPOS को लापता जहाज और संभावित लाइफराफ्ट की तलाश के लिए घटनास्थल की ओर रवाना किया गया। रात करीब आठ बजे तलाशी अभियान के दौरान दो अलग-अलग लाइफराफ्ट से दो लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
भारतीय तटरक्षक बल ने बढ़ाई निगरानी
रेस्क्यू अभियान को मजबूत करने के लिए भारतीय तटरक्षक बल के ICGS Varad और ICGS Anmol को तैनात किया गया। इसके अलावा ICGS Vijit को भी श्री विजय पुरम से रवाना कर सर्च एंड रेस्क्यू मिशन में शामिल किया गया। भारतीय तटरक्षक बल और नौसेना की टीमें समुद्र में लगातार लापता जहाज और बाकी क्रू सदस्यों की तलाश कर रही हैं। 24 में से दो लोगों के सुरक्षित मिलने की पुष्टि हुई है।
आसपास के जहाजों को किया गया अलर्ट
बचाव अभियान को तेजी देने के लिए घटनास्थल के आसपास मौजूद दूसरे जहाजों को भी सतर्क किया गया है। उन्हें समुद्र में किसी भी संदिग्ध वस्तु, लाइफराफ्ट या जहाज के मलबे की जानकारी मिलने पर तत्काल संबंधित अधिकारियों को सूचना देने को कहा गया है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि जहाज किन परिस्थितियों में लापता हुआ या संभावित रूप से डूबा।
ओडिशा में लगातार बारिश से बढ़ी चिंता
इस घटना के बीच ओडिशा में पिछले कुछ दिनों से लगातार बारिश हो रही है। राज्य में लो-प्रेशर सिस्टम के कारण कई इलाकों में बारिश का दौर जारी है। ऐसे में पारादीप पोर्ट पर लौह अयस्क की स्टोरेज, हैंडलिंग और समुद्री जहाजों में लोडिंग को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, अभी तक अधिकारियों ने जहाज के लापता होने के कारण के बारे में कोई आधिकारिक निष्कर्ष नहीं दिया है।
गीले लौह अयस्क से जहाज की स्थिरता पर सवाल
बारिश के दौरान खुले में रखे लौह अयस्क में पानी की मात्रा बढ़ने से उसका वजन बढ़ सकता है। ऐसी स्थिति में जहाज पर लोड किए गए माल की वास्तविक स्थिति और वजन उसकी क्षमता तथा स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं। यह आशंका भी जताई जा रही है कि लोडिंग के बाद अयस्क के नीचे बैठने और उसके ऊपर पानी जमा होने से जहाज के बैलेंस पर असर पड़ा हो। हालांकि, यह केवल एक संभावित कारण है।
बाकी क्रू सदस्यों की तलाश जारी
फिलहाल समुद्र में सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है। भारतीय तटरक्षक बल, नौसेना और अन्य एजेंसियां लापता जहाज तथा उसमें सवार बाकी 22 क्रू सदस्यों का पता लगाने में जुटी हैं। अधिकारियों की ओर से हादसे की वास्तविक वजह और अन्य क्रू सदस्यों की स्थिति को लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार है। राहत एवं बचाव दल समुद्र में हर संभावित स्थान की जांच कर रहे हैं।
Read More : Ranchi Police-Students Clash: छात्रों से झड़प के बाद 3 FIR, 14 नामजद समेत 200 से ज्यादा पर केस