Brijmohan Agrawal Letter : छत्तीसगढ़ में राज्य पात्रता परीक्षा (SET) को लेकर एक बार फिर मांग तेज हो गई है। वरिष्ठ भाजपा नेता और पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने राज्य के उच्च शिक्षा मंत्री को पत्र लिखकर SET परीक्षा का नियमित आयोजन कराने की पुरजोर मांग की है। उन्होंने अपने पत्र में कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य बनने के 25 वर्षों में महज 6 बार ही SET परीक्षा आयोजित हुई है, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।

25 साल में सिर्फ 6 बार हुई SET परीक्षा
बृजमोहन अग्रवाल ने पत्र में लिखा है कि छत्तीसगढ़ में अब तक केवल 2006, 2013, 2017, 2018, 2019 और 2023 में ही SET परीक्षा आयोजित की गई है। जबकि राष्ट्रीय स्तर पर UGC NET परीक्षा हर 6 महीने में नियमित रूप से होती है। ऐसे में छत्तीसगढ़ के युवाओं को अवसरों की कमी का सामना करना पड़ता है। NET पात्रता प्राप्त अभ्यर्थियों को जहां देशभर में नियुक्तियों का लाभ मिलता है, वहीं SET परीक्षा की अनियमितता के कारण राज्य के प्रतिभाशाली युवा पीछे छूट जाते हैं।

स्थानीय अभ्यर्थियों को नहीं मिल पा रहा पूरा अवसर
उन्होंने कहा कि इस असमानता के चलते छत्तीसगढ़ के स्थानीय अभ्यर्थियों को उच्च शिक्षा विभाग में रिक्त पदों पर अपनी प्रतिभा दिखाने का पूरा अवसर नहीं मिल पा रहा है। वर्तमान में उच्च शिक्षा विभाग में करीब 700 पदों पर भर्ती प्रस्तावित है। ऐसे में यदि समय पर SET परीक्षा नहीं होती, तो अन्य राज्यों के NET पात्र अभ्यर्थी इन पदों पर चयनित हो सकते हैं और राज्य के युवा वंचित रह जाएंगे।
कांग्रेस ने भी किया समर्थन
बृजमोहन अग्रवाल के इस पत्र पर कांग्रेस की भी सकारात्मक प्रतिक्रिया आई है। कांग्रेस के प्रदेश मीडिया चेयरमैन सुशील आनंद शुक्ला ने उनके पत्र का स्वागत करते हुए कहा कि यह मुद्दा राजनीतिक नहीं, बल्कि राज्य के छात्रों और युवाओं के भविष्य से जुड़ा है। सरकार को चाहिए कि जल्द से जल्द SET परीक्षा को NET के तर्ज पर नियमित कर दे, ताकि छत्तीसगढ़ के छात्रों को बराबरी का अवसर मिल सके।
छत्तीसगढ़ में SET परीक्षा का अनियमित आयोजन लंबे समय से चिंता का विषय रहा है। अब जबकि 700 से अधिक पदों पर भर्ती प्रस्तावित है, तो यह जरूरी हो गया है कि SET परीक्षा हर साल या कम से कम हर दो साल में नियमित रूप से कराई जाए। इससे न केवल स्थानीय युवाओं को लाभ मिलेगा, बल्कि राज्य के शैक्षणिक ढांचे को भी मजबूती मिलेगी।
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