Siyan Gudi Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर राज्य में बुजुर्गों के सम्मान और देखभाल को लेकर कई अहम घोषणाएं कीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि वृद्धजन हमारे समाज के मार्गदर्शक और संस्कृति के अमूल्य वाहक हैं, जिनकी देखभाल सरकार और समाज दोनों की साझा जिम्मेदारी है। इस अवसर पर रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में सीएम साय ने बुजुर्गों के लिए नए सियान गुड़ी (वृद्धाश्रम) बनाने की योजना का ऐलान किया।

चार बड़े शहरों में सियान गुड़ी का निर्माण
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के चार प्रमुख शहर — रायपुर, बिलासपुर, कोरबा और दुर्ग — में पीपीपी मॉडल (Public-Private Partnership) के तहत आधुनिक वृद्धाश्रम बनाए जाएंगे। ये सियान गुड़ी बुजुर्गों को सम्मानपूर्ण, सुरक्षित और सुविधाजनक जीवन प्रदान करने के लिए समर्पित होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन केंद्रों में वृद्धजनों की देखभाल के साथ-साथ उनकी आवश्यकताओं का पूरा ध्यान रखा जाएगा।

दिव्यांगजनों के लिए विशेष सेवा केंद्र
इसके अलावा, दिव्यांगजनों की सहायक उपकरणों की रिपेयरिंग के लिए रायपुर में एक सर्विस सेंटर स्थापित करने की भी घोषणा की गई। इससे दिव्यांगजन अपनी जरूरतों के अनुसार उपकरणों की मरम्मत और देखभाल आसानी से करवा सकेंगे। यह पहल दिव्यांगजनों के जीवन को बेहतर बनाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
नशामुक्त भारत अभियान के तहत 25 नशामुक्ति रथ रवाना
सीएम विष्णु देव साय ने नशामुक्त भारत अभियान को भी विशेष महत्व दिया। उन्होंने राज्यभर में जागरूकता फैलाने के लिए 25 नशामुक्ति रथों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन रथों के माध्यम से नशामुक्ति का संदेश गांव-गांव और शहर-शहर पहुंचाया जाएगा।
बुजुर्गों का सम्मान और कल्याण
मुख्यमंत्री ने कहा कि बुजुर्गों का सम्मान करना समाज की सभ्यता और संस्कृति का प्रतिबिंब है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे वृद्धजनों का सम्मान करें और उनकी जरूरतों को समझें। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में 14 लाख से अधिक बुजुर्ग पेंशन योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं, वहीं आयुष्मान भारत और शहीद वीर नारायण सिंह स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत 8 लाख बुजुर्गों को निशुल्क चिकित्सा सुविधाएं मिल रही हैं।
प्रदेश में 35 वृद्धाश्रम और देखभाल प्रणाली
समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने जानकारी दी कि प्रदेश में कुल 35 वृद्धाश्रम चल रहे हैं, जहां 1049 वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल की जा रही है। इसके अलावा छह जिलों में प्रशासकीय देखरेख गृह संचालित हैं। विभाग की हेल्पलाइन सेवा के जरिए अब तक 54 हजार से अधिक वरिष्ठ नागरिकों की समस्याओं का समाधान किया जा चुका है।
युवाओं के लिए रोजगार और पर्यटन साथी पहल
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने पर्यटन साथी पहल के तहत जिला प्रशासन और ईज़ माई ट्रिप के बीच एमओयू पर भी हस्ताक्षर किए। इस पहल के तहत युवाओं को आईटीआई सड्डू में तीन महीने के प्रशिक्षण के बाद टूर गाइड के रूप में प्रशिक्षित किया जाएगा। प्रति बैच 50 युवाओं को शामिल कर पर्यटन क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर प्रदान किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की ये घोषणाएं छत्तीसगढ़ में बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के लिए बेहतर सुविधाएं और सम्मान सुनिश्चित करेंगी। साथ ही, युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे और राज्य में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। यह प्रयास छत्तीसगढ़ को सामाजिक रूप से समावेशी और आर्थिक रूप से सशक्त राज्य बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।











