Tamil Nadu Floor Test
Tamil Nadu Floor Test : तमिलनाडु की राजनीति में कल होने वाला शक्ति परीक्षण (Floor Test) सत्ता के भविष्य का फैसला करेगा। इस महत्वपूर्ण सदन परीक्षण से ठीक पहले राज्य के मुख्यमंत्री और टीवीके (TVK) सुप्रीमो सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार को एक बेहद अहम राजनीतिक कदम उठाया। विजय ने एआईएडीएमके के बागी गुट के कद्दावर नेताओं, एसपी वेलुमणि और सीवी शनमुगम से मुलाकात की। इस बैठक ने राज्य के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज कर दी है, क्योंकि यह मुलाकात उस समय हुई है जब मुख्यमंत्री को अपनी सरकार बचाने के लिए संख्या बल की सख्त जरूरत है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, एआईएडीएमके के भीतर मचे घमासान का सीधा फायदा मुख्यमंत्री विजय को मिलता दिख रहा है। बागी गुट के नेता सीवी शनमुगम और एसपी वेलुमणि ने विजय को आश्वस्त किया है कि उनके पास पार्टी के 47 विधायकों में से 30 का ठोस समर्थन प्राप्त है। इन नेताओं ने भरोसा दिलाया है कि बुधवार को होने वाले विश्वास मत के दौरान ये सभी 30 विधायक टीवीके सरकार के पक्ष में मतदान करेंगे। यदि यह समर्थन वास्तविकता में बदलता है, तो विजय सरकार के लिए सदन की बाधा पार करना काफी आसान हो जाएगा।
राजनीतिक समीकरणों को साधने के लिए सीवी शनमुगम ने मंगलवार सुबह ही एक बड़ा धमाका करते हुए राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) से अलग होने का ऐलान कर दिया। यह कदम रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि मुख्यमंत्री विजय और उनकी पार्टी टीवीके ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि वे एनडीए का हिस्सा रहने वाले किसी भी दल या गुट के साथ गठबंधन नहीं करेंगे। विजय की इस शर्त को पूरा करने के लिए ही बागी विधायकों ने पहले खुद को गठबंधन से मुक्त किया और फिर टीवीके को समर्थन देने की घोषणा की।
विधानसभा के भीतर अब असली एआईएडीएमके को लेकर कानूनी और तकनीकी लड़ाई भी शुरू हो गई है। बागी गुट ने प्रोटेम स्पीकर को पत्र लिखकर मांग की है कि एसपी वेलुमणि को विधायक दल का आधिकारिक नेता घोषित किया जाए। दूसरी ओर, एआईएडीएमके महासचिव एडप्पाडी पालनीस्वामी (EPS) ने भी विधानसभा सचिवालय में अपना दावा ठोकते हुए पत्र दिया है कि वही विधायक दल के असली और वैधानिक नेता हैं। नवनिर्वाचित स्पीकर जेसीडी प्रभाकर के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती यह तय करना है कि सदन में आधिकारिक मान्यता किसे दी जाए।
शक्ति परीक्षण से पहले मुख्यमंत्री विजय केवल बागी गुट के भरोसे नहीं हैं, बल्कि वे अपने पुराने सहयोगियों को भी साथ लेकर चल रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने टीवीके नेता तिरुमावलन और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की। विजय ने संकट की इस घड़ी में सरकार का साथ देने के लिए इन नेताओं का आभार व्यक्त किया। इन मुलाकातों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कल सदन में मतदान के दौरान गठबंधन का एक भी वोट छिटकने न पाए और एकजुटता का संदेश जाए।
जैसे-जैसे बुधवार की सुबह करीब आ रही है, तमिलनाडु विधानसभा के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के लिए यह फ्लोर टेस्ट उनकी राजनीतिक साख की परीक्षा है। वहीं, एआईएडीएमके के बागी गुट के लिए यह अपना अस्तित्व बचाने और पार्टी पर नियंत्रण पाने का मौका है। यदि 30 विधायकों का समर्थन टीवीके को मिलता है, तो राज्य की राजनीति में सत्ता का एक नया केंद्र बनकर उभरेगा। फिलहाल, पूरे देश की नजरें कल होने वाले इस हाई-प्रोफाइल सदन परीक्षण पर टिकी हैं।
Read More : CG-PSC 2003 Scam : 23 साल बाद सीजी-पीएससी 2003 घोटाले का फैसला, क्या दागी अधिकारियों की जाएगी नौकरी?
India Weather : आज 14 मई 2026 को पूरे भारत में मौसम के दो अलग-अलग…
Gastric Problem Vitamins : अक्सर जब हमें पेट फूलने (Bloating), गैस या एसिडिटी की शिकायत…
Women Health : महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। महिलाओं…
Kardameshwar Mahadev : हिंदू धर्म ग्रंथों और पौराणिक कथाओं में काशी (वाराणसी) को भगवान शिव…
Vastu Tips for Plants: वास्तु शास्त्र के अनुसार, हमारे आसपास मौजूद हर वस्तु, विशेषकर पेड़-पौधे,…
Coconut Astrology Remedies : सनातन धर्म में नारियल को मात्र एक फल नहीं, बल्कि 'श्रीफल'…
This website uses cookies.