Zimbabwe vs Namibia : विंडहोक में खेले गए ट्राई-सीरीज के बेहद रोमांचक मुकाबले में जिम्बाब्वे ने नामीबिया को 5 रन से हरा दिया। मुकाबला आखिरी गेंद तक बेहद दिलचस्प बना रहा। जिम्बाब्वे ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 195 रन बनाए थे। लक्ष्य का पीछा करते हुए नामीबिया की टीम एक समय 76 रन पर छह विकेट गंवाकर मुश्किल में थी, लेकिन जेन ग्रीन और अलेक्जेंडर वोल्शेंक ने शानदार साझेदारी से मैच का रुख बदल दिया।
जिम्बाब्वे की शुरुआत रही शानदार
नामीबिया क्रिकेट ग्राउंड पर टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत काफी अच्छी रही। सलामी बल्लेबाज ब्रायन बेनेट और बेन करन ने पहले विकेट के लिए 36 गेंदों में 64 रन जोड़कर टीम को तेज शुरुआत दिलाई। बेनेट ने 21 गेंदों में छह चौकों की मदद से 32 रन बनाए। हालांकि, उनके आउट होते ही जिम्बाब्वे की पारी अचानक लड़खड़ा गई।
101 रन पर गंवाए छह विकेट
बेनेट के पवेलियन लौटने के बाद जिम्बाब्वे के बल्लेबाज नियमित अंतराल पर विकेट गंवाते रहे। 9.4 ओवर तक टीम का स्कोर 79 रन था और उसके पांच बल्लेबाज आउट हो चुके थे। इसके बाद ताड़ीवानाशे मारुमानी ने रेयान बर्ल के साथ मिलकर पारी को संभालने की कोशिश की। दोनों ने छठे विकेट के लिए 22 रन जोड़े, लेकिन मारुमानी के आउट होने के बाद भी टीम पर दबाव बना रहा।
रेयान बर्ल ने खेली शानदार पारी
मुश्किल परिस्थिति में रेयान बर्ल ने जिम्मेदारी संभाली और ब्रैड इवांस के साथ मिलकर जिम्बाब्वे की पारी को शानदार तरीके से संभाला। दोनों ने सातवें विकेट के लिए सिर्फ 48 गेंदों में 94 रनों की तेज साझेदारी की। बर्ल ने 32 गेंदों पर सात चौकों और एक छक्के की मदद से 57 रन बनाए। वहीं इवांस ने 25 गेंदों में दो चौकों और दो छक्कों की मदद से नाबाद 37 रन बनाए।
नामीबिया के कप्तान रहे सफल गेंदबाज
नामीबिया की गेंदबाजी में कप्तान गेरहार्ड इरास्मस सबसे प्रभावी रहे। उन्होंने जिम्बाब्वे के तीन बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। हालांकि, निचले क्रम के बल्लेबाजों के आक्रामक प्रदर्शन के कारण जिम्बाब्वे 20 ओवर में 195 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा करने में सफल रहा।
नामीबिया की शुरुआत भी खराब रही
196 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी नामीबिया की शुरुआत भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। टीम ने महज 28 रन के स्कोर पर अपने दो विकेट गंवा दिए। इसके बाद निकोल लॉफ्टी-ईटन और जान फ्रीलिंक ने पारी को संभालने का प्रयास किया। दोनों ने तीसरे विकेट के लिए 27 गेंदों में 32 रन जोड़कर स्कोर को 60 रन तक पहुंचाया।
76 रन पर आधी से ज्यादा टीम आउट
लॉफ्टी-ईटन और फ्रीलिंक के आउट होने के बाद नामीबिया की पारी फिर से बिखरने लगी। देखते ही देखते 11.1 ओवर में टीम का स्कोर 76 रन पर छह विकेट हो गया। इस स्थिति में जिम्बाब्वे की जीत लगभग तय नजर आ रही थी। लेकिन इसके बाद जेन ग्रीन और अलेक्जेंडर वोल्शेंक ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए मुकाबले में नई जान डाल दी।
ग्रीन और वोल्शेंक ने पलटा मैच
जेन ग्रीन और अलेक्जेंडर वोल्शेंक ने सातवें विकेट के लिए महज 49 गेंदों में 109 रनों की तूफानी साझेदारी की। दोनों बल्लेबाजों ने तेजी से रन बनाते हुए नामीबिया को जीत के बेहद करीब पहुंचा दिया। एक समय ऐसा लगने लगा था कि जिम्बाब्वे के हाथ से मुकाबला निकल जाएगा और नामीबिया मुश्किल स्थिति से शानदार वापसी करते हुए जीत दर्ज कर लेगा।
आखिरी ओवर में जिम्बाब्वे की जबरदस्त वापसी
मुकाबले का फैसला आखिरी ओवर में हुआ। जिम्बाब्वे के गेंदबाजों ने दबाव के बीच शानदार वापसी की और नामीबिया को 20 ओवर की आखिरी गेंद पर 190 रन पर ऑलआउट कर दिया। इस तरह जिम्बाब्वे ने रोमांचक अंदाज में पांच रन से मुकाबला अपने नाम कर लिया।
ब्रैड इवांस रहे गेंदबाजी में स्टार
जिम्बाब्वे की ओर से ब्रैड इवांस ने गेंदबाजी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने 41 रन देकर तीन विकेट हासिल किए। वहीं ब्रायन बेनेट ने भी दो विकेट झटके। दबाव के अंतिम क्षणों में गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन ने जिम्बाब्वे को जीत दिलाने में अहम योगदान दिया।
नामीबिया को दूसरी जीत से चूका मौका
इस ट्राई-सीरीज के पहले मुकाबले में नामीबिया ने दक्षिण अफ्रीका को हराकर शानदार शुरुआत की थी। ऐसे में जिम्बाब्वे के खिलाफ जीत उसे टूर्नामेंट में मजबूत स्थिति में पहुंचा सकती थी। हालांकि, 109 रनों की बेहतरीन साझेदारी के बावजूद टीम अंतिम ओवरों में लक्ष्य हासिल नहीं कर सकी और पांच रन से मुकाबला गंवा बैठी।
Raed more : Tamil Nadu Politics : विजय की सियासी पसंद पर कांग्रेस का दावा, राहुल गांधी को लेकर कही बड़ी बात