FIFA World Cup 2026 : फीफा वर्ल्ड कप 2026 में ग्रुप जी का मुकाबला बेल्जियम और ईरान के बीच बेहद रोमांचक रहा, लेकिन यह मैच अंततः 0-0 के गोलरहित ड्रॉ पर समाप्त हुआ। लॉस एंजिल्स स्टेडियम में आयोजित इस मैच में दोनों ही टीमों ने जीत दर्ज करने के लिए पूरा दमखम झोंक दिया, लेकिन शानदार गोलकीपिंग और दोनों टीमों की अभेद्य रक्षापंक्ति (डिफेंस) के कारण कोई भी पक्ष गोल करने में सफल नहीं हो सका। इस परिणाम के बाद अब बेल्जियम और ईरान दोनों ही अपनी पहली जीत के लिए अभी भी संघर्ष कर रहे हैं। मैच के दौरान दोनों ही टीमों के प्रशंसकों को गोल का बेसब्री से इंतजार था, लेकिन दोनों टीमों के डिफेंस ने विपक्षी खिलाड़ियों को कोई मौका नहीं दिया।

बेल्जियम का दबदबा और ईरान के गोलकीपर की शानदार दीवार
मैच की शुरुआत से ही बेल्जियम ने गेंद पर अपना नियंत्रण बनाए रखा और लगातार ईरानी डिफेंस पर हमले किए। अनुभवी मिडफील्डर केविन डी ब्रुइन ने शुरुआती मिनटों में ही लंबी दूरी से एक शक्तिशाली शॉट लगाया, जो दुर्भाग्यवश गोलपोस्ट के बाहर चला गया। इसके बाद डी ब्रुइन और लिएंड्रो ट्रॉसार्ड की जोड़ी ने ईरान के डिफेंस को भेदने के लिए कई मौके बनाए, लेकिन ईरानी गोलकीपर अलीरेजा बेरानवंद ने दीवार की तरह खड़े होकर बेल्जियम के हर हमले को नाकाम कर दिया। दूसरी ओर, पहले हाफ में बेल्जियम की रक्षापंक्ति में हुई एक चूक के बाद ईरान के होसैन कनानी को गोल करने का सुनहरा अवसर मिला था, जिसे बेल्जियम के दिग्गज गोलकीपर थिबॉट कोर्टोइस ने बेहतरीन बचाव करते हुए विफल कर दिया।

ऑफसाइड का विवाद और बेल्जियम के लिए रेड कार्ड का संकट
मैच के पहले हाफ में एक समय ईरान ने बढ़त बनाने का जश्न मनाया था, जब मेहदी तारेमी ने शानदार मूव के बाद गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाया। हालांकि, रेफरी ने तुरंत ऑफसाइड का इशारा करते हुए गोल को अमान्य करार दिया। दूसरे हाफ में बेल्जियम ने खेल की गति बढ़ा दी और एलेक्सिस सेलेमेकर्स व मैक्सिम डी क्यूपर ने गोल करने का प्रयास किया, लेकिन बेरानवंद की सतर्कता बरकरार रही। मैच का सबसे बड़ा मोड़ 70वें मिनट में आया, जब बेल्जियम के डिफेंडर नाथन न्गोय ने एक गलत बैक पास दिया और फिर गोल की ओर बढ़ रहे ईरानी खिलाड़ी को फाउल करके रोका। इस गलती के कारण रेफरी ने उन्हें सीधे रेड कार्ड दिखा दिया, जिससे बेल्जियम को मैच का अंतिम समय 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा।
कोर्टोइस का जादुई बचाव और जीत की हसरत अधूरी
एक खिलाड़ी कम होने के बाद बेल्जियम पर ईरान का दबाव बढ़ गया, लेकिन गोलकीपर थिबॉट कोर्टोइस ने मैच में अपनी सूझबूझ और फुर्ती का प्रदर्शन करते हुए कई शानदार बचाव किए। दूसरी तरफ से, ईरान के मेहदी तारेमी ने भी लगातार खतरनाक हमले किए, जिन्हें कोर्टोइस ने कुशलतापूर्वक रोका। मैच के अंत में बेल्जियम के लिए डेब्यू कर रहे मटियास फर्नांडीज-पार्डो ने अपनी तेज रफ्तार से प्रभावित किया, वहीं डोडी ल्यूकेबाकियो का एक कर्लिंग शॉट गोलपोस्ट के बेहद करीब से गुजर गया। निर्धारित समय के बाद मिले पांच मिनट के अतिरिक्त समय में भी कोई गोल नहीं हो सका। इस ड्रॉ के साथ दोनों ही टीमें टूर्नामेंट में अभी भी अपनी पहली जीत की तलाश में हैं, जिससे उनके अगले मुकाबले बेहद चुनौतीपूर्ण हो गए हैं।
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