Chhattisgarh Budget
Chhattisgarh Budget 2026: छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र का आज दूसरा और अत्यंत महत्वपूर्ण दिन है। प्रदेश की जनता की निगाहें आज सदन की कार्यवाही पर टिकी हैं, क्योंकि वित्त मंत्री ओपी चौधरी दोपहर 12:30 बजे राज्य का बजट पेश करने जा रहे हैं। यह मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली सरकार का तीसरा बजट है। इस बजट को लेकर राजनीतिक गलियारों और आम जनता में भारी उत्साह देखा जा रहा है, क्योंकि इसे “सुशासन से समृद्धि” के मंत्र को साकार करने वाला रोडमैप माना जा रहा है। सरकार की कोशिश है कि इस बजट के माध्यम से प्रदेश के हर वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जाए।
आर्थिक जानकारों और सूत्रों की मानें तो इस बार छत्तीसगढ़ का बजट ऐतिहासिक रूप से बड़ा हो सकता है। संभावना जताई जा रही है कि बजट का कुल आकार 1 लाख 80 हजार करोड़ रुपये से भी अधिक होगा। यदि पिछले आंकड़ों पर गौर करें, तो वर्ष 2024-25 में राज्य सरकार ने 1 लाख 65 हजार करोड़ रुपये का बजट पेश किया था। इस बार के बजट की सबसे बड़ी विशेषता ‘बस्तर विकास योजना’ हो सकती है। नक्सल प्रभावित और दुर्गम क्षेत्रों के बुनियादी ढांचे को सुधारने के लिए सरकार बस्तर संभाग के लिए विशेष वित्तीय प्रावधान कर सकती है। इसके साथ ही कनेक्टिविटी और सुरक्षा के मोर्चे पर भी बड़े निवेश की उम्मीद है।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी के इस पिटारे से शिक्षा और तकनीक के क्षेत्र में बड़े बदलावों की उम्मीद है। विशेष रूप से युवाओं के कौशल विकास और राज्य के शैक्षणिक ढांचे को आधुनिक बनाने के लिए नई योजनाओं की घोषणा हो सकती है। कृषि प्रधान राज्य होने के नाते, किसानों के लिए सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, खाद-बीज सब्सिडी और नई कृषि तकनीकों के प्रोत्साहन के लिए भारी भरकम राशि आवंटित की जा सकती है। ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर पैदा करने और बुनियादी सुविधाएं जैसे सड़क, बिजली और पानी के नेटवर्क को मजबूत करना भी सरकार की प्राथमिकता सूची में शीर्ष पर है।
बजट पेश होने से पहले मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी भावनाओं को साझा किया। उन्होंने प्रदेशवासियों को आश्वस्त किया कि यह बजट “विकसित छत्तीसगढ़” के निर्माण की दिशा में एक सशक्त आधारशिला साबित होगा। मुख्यमंत्री ने अपनी पोस्ट में स्पष्ट किया कि उनकी सरकार आदिवासी समाज के सामाजिक और आर्थिक सशक्तीकरण को सर्वोपरि मानती है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य केवल आंकड़े पेश करना नहीं, बल्कि किसानों, गरीबों, युवाओं और मातृशक्ति (महिलाओं) के जीवन स्तर में वास्तविक सुधार लाना है।
मुख्यमंत्री साय ने यह दावा भी किया कि यह बजट प्रदेश के इतिहास में एक “मील का पत्थर” साबित होगा। सरकार का मुख्य ध्येय छत्तीसगढ़ को आत्मनिर्भरता की ओर ले जाना और राजस्व के नए स्रोत पैदा करना है। उन्होंने विश्वास जताया कि “सुशासन से समृद्धि” का उनका मॉडल छत्तीसगढ़ को समृद्धि के एक नए स्वर्णिम दौर में प्रवेश कराएगा। बजट में महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए वित्तीय सहायता और युवाओं के लिए स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने जैसे क्रांतिकारी कदम भी देखने को मिल सकते हैं।
जहाँ एक ओर सरकार इसे जनकल्याणकारी बजट बता रही है, वहीं विपक्ष भी सरकार की घोषणाओं और उनके क्रियान्वयन पर पैनी नजर रखे हुए है। सदन में बजट पेश होने के बाद विभिन्न मदों पर चर्चा शुरू होगी। आम जनता को उम्मीद है कि इस बजट में बढ़ती महंगाई से राहत और मध्यम वर्ग के लिए कुछ ठोस प्रावधान किए जाएंगे। अब देखना यह होगा कि दोपहर 12:30 बजे जब वित्त मंत्री अपना डिजिटल ब्रीफकेस खोलेंगे, तो छत्तीसगढ़ की तकदीर बदलने के लिए उसमें क्या-क्या निकलता है।
Read More: Parliamentary Diplomacy: वैश्विक कूटनीति में संसद की बड़ी पहल, 60 देशों के साथ मैत्री समूहों का गठन
Beat The Heat : मई की चिलचिलाती धूप और चढ़ते पारे के बीच सीलिंग फैन,…
WB Election Results 2026 : पश्चिम बंगाल की राजनीतिक बिसात पर 2026 का विधानसभा चुनाव…
Hypersonic Missile : बदलते वैश्विक परिवेश और युद्ध के आधुनिक तौर-तरीकों को देखते हुए भारत…
Jyeshtha Month 2026 : हिंदू पंचांग के तीसरे महीने 'ज्येष्ठ' का आगाज आज, 2 मई…
US Cuba Invasion : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपने बेबाक और अक्सर विवादास्पद बयानों के…
Health Benefits : भारतीय आयुर्वेद में कच्ची हल्दी को केवल एक मसाला नहीं, बल्कि एक…
This website uses cookies.