CM Yogi : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर समाज को बांटने वाली ताकतों के खिलाफ एकजुट होने की अपील की। उन्होंने कहा कि जातिवाद, क्षेत्रवाद और भाषावाद जैसी सामाजिक बुराइयां देश की एकता और अखंडता को कमजोर करती हैं। इनका मुकाबला करने के लिए हर नागरिक को मिलकर प्रयास करना होगा। मुख्यमंत्री ने मोहम्मद अली जिन्ना को अपना आदर्श मानने वालों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जो लोग जिन्ना को आदर्श मानते हैं और समाज को बांटने का काम करते हैं, वे सरदार वल्लभ भाई पटेल के सच्चे अनुयायी नहीं हो सकते।

राष्ट्रीय एकता दिवस पर सरदार पटेल को दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार, 31 अक्टूबर को लखनऊ के जीपीओ स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस दौरान राष्ट्रीय एकता दिवस के कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने उपस्थित लोगों को देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा बनाए रखने की शपथ भी दिलाई। अपने संबोधन में उन्होंने सरदार पटेल के योगदान को याद करते हुए कहा कि उनका पूरा जीवन राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए समर्पित रहा। आजादी के बाद भारत को एक मजबूत गणराज्य बनाने में उनकी भूमिका ऐतिहासिक रही है।

जातिवाद, क्षेत्रवाद और भाषावाद को बताया सामाजिक बीमारी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने समाज में फैली विभाजनकारी प्रवृत्तियों की तुलना शरीर में होने वाली बीमारियों से की। उन्होंने कहा कि जिस तरह शरीर की प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने पर बीमारियां तेजी से हमला करती हैं, उसी तरह जातिवाद, क्षेत्रवाद और भाषावाद समाज को अंदर से कमजोर कर देते हैं। मुख्यमंत्री के मुताबिक, देश की मजबूती के लिए सामाजिक एकता बेहद जरूरी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि व्यक्तिगत और राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर राष्ट्रहित को प्राथमिकता दें।
563 से अधिक रियासतों के एकीकरण में पटेल की भूमिका याद की
मुख्यमंत्री ने सरदार वल्लभ भाई पटेल को भारतीय गणराज्य का शिल्पी बताते हुए कहा कि स्वतंत्रता के समय देश में 563 से अधिक रियासतें मौजूद थीं। इन रियासतों को भारतीय संघ में शामिल करना एक बड़ी चुनौती थी। सरदार पटेल ने अपने दृढ़ नेतृत्व और प्रयासों से इस चुनौती को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने जूनागढ़ और हैदराबाद के भारत में विलय का भी उल्लेख किया। योगी ने कहा कि गुजरात के केवड़िया में स्थापित सरदार पटेल की विशाल प्रतिमा उनके महान व्यक्तित्व और राष्ट्र निर्माण में दिए गए योगदान का प्रतीक है।
अनुच्छेद 370 को लेकर कांग्रेस और नेहरू पर निशाना
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कश्मीर के मुद्दे पर कांग्रेस और देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की नीतियों की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि कश्मीर के मामले में तत्कालीन सरकार से कई गलतियां हुईं और अनुच्छेद 370 लागू करना बड़ी भूल थी। योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में अनुच्छेद 370 हटाकर सरदार पटेल और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के सपने को साकार किया गया। उन्होंने कहा कि अब देश में एक विधान, एक प्रधान और एक निशान की व्यवस्था है।

यूपी के हर जिले में बनेगा रोजगार और औद्योगिक क्षेत्र
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के युवाओं के रोजगार को लेकर सरकार की योजना भी साझा की। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिले में एक रोजगार और औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की दिशा में काम शुरू किया जा रहा है। सरकार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराकर उन्हें रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने का प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि लक्ष्य प्रदेश के युवाओं को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना और बेरोजगारी की समस्या को कम करना है।
कार्यक्रम में दोनों उपमुख्यमंत्री समेत कई नेता रहे मौजूद
राष्ट्रीय एकता दिवस के इस कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक सहित प्रदेश सरकार के कई मंत्री, सांसद और विधायक शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन के अंत में सभी नागरिकों से एक भारत-श्रेष्ठ भारत के संकल्प को मजबूत करने की अपील की। उन्होंने कहा कि देश की एकता और अखंडता बनाए रखना केवल सरकार की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
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