Rajnandgaon Bypass Construction: जिले में खैरागढ़ की ओर वाहनों की आवाजाही सुगम बनाने के लिए एक नए बायपास के निर्माण की योजना बनाई गई है। इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए भू-अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, लेकिन इसी बीच बिचौलियों के सक्रिय होने की खबरों के चलते प्रशासन ने क्षेत्र में बायपास के दायरे में आने वाले 29 गांवों में जमीन की खरीदी-बिक्री पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। साथ ही सड़क चौड़ीकरण के दायरे में आने वाले अन्य गांवों में भी जमीन के लेन-देन पर रोक लगाई गई है। अब इन इलाकों में भूमि का अंतरण कलेक्टर की लिखित अनुमति के बिना नहीं किया जा सकेगा।

क्या है मामला?
खैरागढ़ की ओर ट्रैफिक को कम करने और बेहतर आवागमन सुनिश्चित करने के लिए राजनांदगांव-खैरागढ़ रोड पर बायपास का निर्माण प्रस्तावित है। इस बायपास के लिए मनकी सुंदरा, पार्रीनाला, गठुला ढाबा, पेण्ड्री सहित 29 गांवों की निजी जमीन प्रभावित होगी। जमीन के दायरे में आने की वजह से क्षेत्र में बिचौलियों के सक्रिय होने और अवैध जमीन सौदों के संभावित मामलों को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है।

राजनांदगांव के कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने बताया, “यह बायपास नागपुर या रायपुर की ओर से आने वाले वाहनों को सीधे खैरागढ़ की ओर जाने में मदद करेगा, जिससे राजनांदगांव शहर के अंदर ट्रैफिक कम होगा। इसलिए शहर से सटे 29 गांवों में जमीन की खरीदी-बिक्री पर फिलहाल रोक लगाई गई है ताकि बिचौलियों की सक्रियता रोकी जा सके।”
प्रशासन की तैयारियां और दिशा-निर्देश
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भूमि अधिग्रहण के बाद प्रभावित जमीन मालिकों को उचित मुआवजा दिया जाएगा। कलेक्टर डॉ. भुरे ने कहा कि भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया में पारदर्शिता और न्याय सुनिश्चित करने के लिए व्यापक जांच और सर्वेक्षण किए जा रहे हैं। इससे यह सुनिश्चित होगा कि प्रभावितों को उचित मुआवजा मिले और बायपास का निर्माण समय पर पूरा हो।
इसके साथ ही प्रशासन ने एसडीएम, तहसीलदार और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे जमीन के किसी भी लेन-देन पर कड़ी नजर रखें और केवल कलेक्टर की लिखित अनुमति से ही भूमि का अंतरण संभव हो।
बायपास के लाभ
यह नया बायपास राजनांदगांव शहर के ट्रैफिक दबाव को कम करेगा और खैरागढ़ तथा आसपास के इलाकों में आवागमन में सुधार लाएगा। नागपुर और रायपुर से आने वाले भारी वाहन बायपास के जरिए शहर के अंदर जाने से बचेंगे, जिससे शहर की सड़कें कम जाम रहेंगी। साथ ही इससे पर्यावरण प्रदूषण में भी कमी आएगी।
राजनांदगांव में बायपास निर्माण के लिए प्रशासन ने भू-अधिग्रहण प्रक्रिया के दौरान जमीन खरीदी-बिक्री पर सख्त रोक लगा कर अवैध सौदों और बिचौलियों की सक्रियता को रोकने का कदम उठाया है। इस फैसले से प्रभावित किसानों और जमीन मालिकों को उचित मुआवजा मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। कलेक्टर डॉ. भुरे की सक्रियता और प्रशासन की तत्परता से बायपास परियोजना जल्द पूरा होने की संभावना है, जो क्षेत्रवासियों के लिए राहत और विकास का कारण बनेगा।










