Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों के एलान के बाद देश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने इस मौके पर विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक दलों से चर्चा के बाद तारीखों का निर्धारण किया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि चुनावी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से होगी।गिरिराज सिंह ने कहा, “चुनाव आयोग ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत सभी दलों से बात कर चुनाव की तारीख तय की है। इसे लेकर विपक्ष को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए।”

SIR को लेकर विपक्ष पर गंभीर आरोप
गिरिराज सिंह का सबसे तीखा हमला SIR (Special Identification Registry) को लेकर था, जिसे लेकर हाल ही में कुछ विपक्षी दलों ने विरोध दर्ज कराया था। उन्होंने कहा कि “विपक्ष ने SIR को लेकर जो अफवाहें फैलाईं, वो पूरी तरह गलत और समाज को गुमराह करने वाली थीं।”उन्होंने आगे कहा, “यह चुनाव आयोग की दया है कि उन पर FIR नहीं दर्ज हुई। नहीं तो इस तरह की अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए थी। SIR के माध्यम से देश की सुरक्षा को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन कुछ लोग इसे बांग्लादेशियों को बचाने का हथियार बना रहे हैं।”

क्या है SIR?
SIR (Special Identification Registry) एक प्रस्तावित डिजिटल पहचान प्रणाली है, जिसे अवैध प्रवासियों की पहचान और निगरानी के लिए लाने की चर्चा चल रही है। हालांकि इस पर अभी तक सरकार की ओर से अंतिम फैसला नहीं हुआ है, लेकिन विपक्षी दलों का आरोप है कि इसका इस्तेमाल विशेष समुदायों को निशाना बनाने के लिए किया जा सकता है।
विपक्ष का पलटवार
विपक्षी दलों ने गिरिराज सिंह के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। RJD प्रवक्ता ने कहा, “गिरिराज सिंह को हर मुद्दे में बांग्लादेशी ही क्यों नजर आते हैं? यह देश के नागरिकों को बांटने की राजनीति है।” कांग्रेस ने भी बयान को “ध्यान भटकाने की कोशिश” बताया है।बिहार विधानसभा चुनाव के तारीखों के एलान के बाद राजनीतिक बयानबाज़ी तेज हो गई है। गिरिराज सिंह का SIR और बांग्लादेशियों को लेकर दिया गया बयान निश्चित रूप से आगामी चुनाव में एक बड़ा मुद्दा बन सकता है। अब देखना यह होगा कि चुनाव आयोग इस मामले में क्या रुख अपनाता है और SIR को लेकर सरकार की अंतिम नीति क्या होती है।











