Ambikapur News: लंबे समय से बिजली कटौती और बार-बार होने वाले विद्युत फॉल्ट से जूझ रहे अंबिकापुर शहरवासियों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। शहर में बढ़ते विद्युत भार के कारण उत्पन्न समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए छह नए 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए आवश्यक भूमि का चयन और आवंटन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। उपकेंद्र बनने के बाद बिजली आपूर्ति अधिक सुचारु होगी और जलापूर्ति व्यवस्था पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा।

शहर में लगातार हो रही बिजली कटौती और उससे प्रभावित जल सप्लाई को लेकर जनता में बढ़ते आक्रोश के बीच महापौर मंजूषा भगत ने पार्षदों और विद्युत विभाग के अधिकारियों की बैठक बुलाई। बैठक में विद्युत विभाग ने बताया कि शहर में लगातार बढ़ रहे विद्युत भार के कारण फॉल्ट और कटौती की समस्या बढ़ रही है। अधिकारियों ने इसके स्थायी समाधान के लिए शहर के विभिन्न क्षेत्रों में नए विद्युत उपकेंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव रखा।

छह स्थानों पर होगा उपकेंद्रों का निर्माण
विद्युत विभाग और नगर निगम की संयुक्त टीम ने पार्षदों के सहयोग से शहर में छह स्थानों का चयन किया है, जहां नए उपकेंद्र स्थापित किए जाएंगे। इनमें गंगापुर वार्ड, पुराना बस स्टैंड (राज्य परिवहन डिपो), गहीरा गुरु वार्ड (मठपारा), महामाया पहाड़ (घुटरापारा), डिगमा (शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के पास) तथा सिंचाई कॉलोनी बंगाली चौक शामिल हैं।
कलेक्टर ने दिया भूमि आवंटन का आदेश
नगर निगम की स्वामित्व वाली भूमि पर तत्काल अनापत्ति प्रदान करने के बाद महापौर, सभापति हरमिंदर सिंह टिन्नी, एमआईसी सदस्यों और पार्षदों के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर से भूमि आवंटन की मांग की। शहर की गंभीर विद्युत समस्या से अवगत कराने पर कलेक्टर ने सभी चयनित स्थलों पर विद्युत उपकेंद्र स्थापित करने के लिए भूमि आवंटन का आदेश जारी कर दिया।
जल्द शुरू होगा निर्माण कार्य
कार्यालय यंत्री (शहर), छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड, अंबिकापुर द्वारा जल्द ही छह नए 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्रों के निर्माण कार्य की शुरुआत की जाएगी। इन उपकेंद्रों के शुरू होने के बाद शहर में बार-बार होने वाली बिजली कटौती, लो-वोल्टेज और विद्युत फॉल्ट जैसी समस्याओं में कमी आने की उम्मीद है। इससे पेयजल आपूर्ति व्यवस्था भी अधिक सुचारु हो सकेगी।

भूमि चयन से लेकर आवंटन की जटिल प्रक्रिया को प्राथमिकता के साथ पूरा कराने पर नगर निगम के पार्षदों ने महापौर मंजूषा भगत के प्रति आभार व्यक्त करते हुए इसे शहर के विकास और नागरिक सुविधाओं की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।












