Raipur News : रायपुर के महादेवघाट में गणेश प्रतिमा विसर्जन को लेकर प्रशासन ने बड़ा एहतियाती कदम उठाया है। खारून नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने के बाद महादेवघाट के समीप नगर निगम द्वारा तैयार किए गए विसर्जन कुंड में मूर्ति विसर्जन की प्रक्रिया फिलहाल रोक दी गई है। प्रशासन ने यह निर्णय श्रद्धालुओं और नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है। अधिकारियों के मुताबिक, मौजूदा परिस्थितियों में विसर्जन स्थल पर भीड़ जुटने से सुरक्षा संबंधी जोखिम बढ़ सकता है।
बढ़ते जलस्तर के बीच प्रशासन हुआ सतर्क
महादेवघाट रायपुर में गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए प्रमुख स्थानों में शामिल है। गणेश उत्सव के दौरान यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु प्रतिमाएं लेकर पहुंचते हैं। इस बीच खारून नदी के पानी का स्तर बढ़ने के कारण प्रशासन और नगर निगम ने मौके की स्थिति पर निगरानी बढ़ा दी है। जलस्तर में वृद्धि को देखते हुए अधिकारियों ने फिलहाल विसर्जन प्रक्रिया को रोकना उचित समझा है, ताकि किसी भी संभावित अप्रिय घटना को टाला जा सके।
विसर्जन कुंड में फिलहाल नहीं जाएं श्रद्धालु
प्रशासन ने नागरिकों और श्रद्धालुओं से अपील की है कि जब तक खारून नदी का जलस्तर सामान्य नहीं हो जाता, तब तक महादेवघाट के समीप बनाए गए विसर्जन कुंड में मूर्ति विसर्जन के लिए न पहुंचें। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे सुरक्षा निर्देशों का पालन करें और प्रशासन के अगले आदेश का इंतजार करें। नदी में पानी अधिक होने की स्थिति में अतिरिक्त सावधानी बरतना जरूरी बताया गया है।
सुरक्षा को प्राथमिकता देकर लिया गया निर्णय
प्रशासन के अनुसार, गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान महादेवघाट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ होती है। सामान्य परिस्थितियों में भी बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के कारण सुरक्षा व्यवस्था महत्वपूर्ण रहती है। ऐसे समय में नदी का जलस्तर बढ़ने से खतरा और बढ़ सकता है। इसी को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती तौर पर विसर्जन कुंड में प्रतिमा विसर्जन रोकने का फैसला लिया है।
नगर निगम और प्रशासन रख रहे लगातार नजर
विसर्जन प्रक्रिया पर रोक के बाद नगर निगम और प्रशासन की टीमें मौके की परिस्थितियों पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों की ओर से खारून नदी के जलस्तर और विसर्जन स्थल की सुरक्षा स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है। स्थिति में बदलाव के आधार पर आगे निर्णय लिया जाएगा। प्रशासन का प्रयास है कि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी या जोखिम का सामना न करना पड़े।
रोक स्थायी नहीं, परिस्थितियों पर निर्भर फैसला
महादेवघाट स्थित विसर्जन कुंड में प्रतिमा विसर्जन पर लगाई गई रोक फिलहाल अस्थायी है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इसका उद्देश्य गणेश प्रतिमा विसर्जन की प्रक्रिया को स्थायी रूप से बंद करना नहीं है। खारून नदी का जलस्तर कम होने और विसर्जन के लिए सुरक्षित परिस्थितियां बनने के बाद प्रक्रिया दोबारा शुरू की जाएगी। इसके संबंध में प्रशासन की ओर से आवश्यक जानकारी जारी की जाएगी।
श्रद्धालुओं से निर्देशों का पालन करने की अपील
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे नदी के मौजूदा जलस्तर को देखते हुए जल्दबाजी न करें। गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए प्रशासन द्वारा निर्धारित व्यवस्था और निर्देशों का पालन करें। अधिकारियों का कहना है कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसलिए जलस्तर सामान्य होने तक विसर्जन रोकने का निर्णय सभी के हित में लिया गया है।
जलस्तर घटने के बाद लिया जाएगा अगला फैसला
महादेवघाट में विसर्जन कुंड को लेकर फिलहाल प्रशासन की नजर खारून नदी के जलस्तर पर है। जैसे ही पानी का स्तर कम होगा और स्थल को सुरक्षित माना जाएगा, विसर्जन की प्रक्रिया फिर शुरू की जा सकती है। तब तक श्रद्धालुओं से सहयोग बनाए रखने और प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है। प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखकर ही आगे की व्यवस्था तय की जाएगी।
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