Macron convoy blocked: संयुक्त राष्ट्र संघ की आम सभा में शामिल होने आए फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की कार को न्यूयॉर्क पुलिस ने रोक दिया। इस कार्रवाई का कारण था अमेरिकी पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के काफिले का निकलना। पुलिस ने ट्रंप के काफिले को प्राथमिकता दी, जिससे मैक्रों का काफिला सड़क पर फंस गया और वे सीधे सड़क पर उतरकर ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों से बातचीत करने लगे। इस दौरान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

ट्रंप के काफिले की वजह से रोका गया मैक्रों का काफिला
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि एक पुलिस अधिकारी मैक्रों से बातचीत करते हुए ट्रंप के काफिले के कारण रोड बंद करने की बात कह रहा है। इसके बाद मैक्रों ने अपने मोबाइल फोन से किसी को कॉल किया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह कॉल उन्होंने सीधे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लगाई थी। फोन पर मैक्रों ने ट्रंप से कहा, “आप सोच भी नहीं सकते कि मैं न्यूयॉर्क की सड़कों पर खड़ा हूं और आपका इंतजार कर रहा हूं। आपकी वजह से यहां सब कुछ बंद हो गया है।”इस अप्रत्याशित ट्रैफिक जाम के बीच मैक्रों ने सड़क पर खड़े स्थानीय लोगों से बातचीत की और उनके साथ तस्वीरें भी क्लिक करवाईं। हालांकि इस पूरे मामले पर न्यूयॉर्क पुलिस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

यूएन जनरल असेंबली में शामिल होने आए हैं मैक्रों
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों इस समय न्यूयॉर्क में आयोजित संयुक्त राष्ट्र संघ की 78वीं आम सभा में भाग लेने आए हैं। इस महत्वपूर्ण बैठक में विश्व के कई महत्वपूर्ण मुद्दों जैसे आतंकवाद, जलवायु परिवर्तन, फिलिस्तीन और सीरिया की स्थिति पर चर्चा हो रही है। इस बार की यूएन असेंबली में फ्रांस ने विशेष ध्यान फिलिस्तीन के मुद्दे पर दिया है। फ्रांस ने फिलिस्तीन को एक अलग देश के रूप में मान्यता देने की घोषणा की है, जो यूरोप का पहला ऐसा देश है और यूएन का स्थायी सदस्य भी है जिसने यह कदम उठाया है।फ्रांस की यह घोषणा वैश्विक राजनीतिक परिदृश्य में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। फिलिस्तीन के मुद्दे पर फ्रांस का यह कदम मध्य पूर्व की राजनीति में एक नई दिशा का संकेत देता है। यूएन में इस मसले को लेकर विश्व समुदाय की भी गहरी नजरें हैं।
न्यूयॉर्क में ट्रैफिक जाम की स्थिति और राजनीतिक हलचल
डोनाल्ड ट्रंप और इमैनुएल मैक्रों दोनों ही वैश्विक राजनीतिक महाशक्तियां हैं, और उनके बीच यह अनौपचारिक टकराव सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। ट्रंप के काफिले के कारण मैक्रों का रोड पर फंसना न केवल एक ट्रैफिक समस्या थी, बल्कि इसे एक राजनयिक और मीडिया इवेंट के रूप में भी देखा जा रहा है। यूएन जनरल असेंबली के महत्वपूर्ण मौके पर न्यूयॉर्क की सड़कों पर हुई यह छोटी सी घटना वैश्विक राजनीति की जटिलताओं को दर्शाती है। जहां एक ओर फ्रांस के राष्ट्रपति ने फिलिस्तीन को मान्यता देकर इतिहास रचा है, वहीं दूसरी ओर ट्रंप के काफिले ने न्यूयॉर्क की ट्रैफिक व्यवस्था में खलबली मचा दी। दोनों महाशक्तियों के बीच यह अनोखा वाकया चर्चा का विषय बना हुआ है।











