US Midterm Elections 2026 : अमेरिका में मिडटर्म चुनावों के शुरुआती नतीजे और रुझान सामने आने लगे हैं। इन चुनावों में भारतीय मूल के कई उम्मीदवारों के प्रदर्शन पर खास नजर है। शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, डेमोक्रेटिक पार्टी के सुहास सुब्रमण्यम और अरुणा मिलर जीत की ओर बढ़ रहे हैं। वहीं फ्लोरिडा में पिया डांडिया ने कड़े मुकाबले में जीत दर्ज की है। दूसरी ओर, ओहायो के गवर्नर पद के चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार विवेक रामास्वामी फिलहाल पीछे चल रहे हैं।
सुहास सुब्रमण्यम ने वर्जीनिया में बनाई बड़ी बढ़त
वर्जीनिया के 10वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट में डेमोक्रेटिक उम्मीदवार सुहास सुब्रमण्यम ने मजबूत बढ़त हासिल की है। शुरुआती चुनावी आंकड़ों के अनुसार, उन्हें करीब 63 प्रतिशत वोट मिले हैं, जबकि उनके रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वी डेव बेकविथ के खाते में लगभग 37 प्रतिशत वोट आए हैं। इस सीट पर अनुमानित मतों में से करीब 95 प्रतिशत की गिनती पूरी हो चुकी है।

इस बढ़त के साथ सुब्रमण्यम का दोबारा प्रतिनिधि सभा पहुंचना लगभग तय माना जा रहा है। वह 2024 में वर्जीनिया से अमेरिकी कांग्रेस के लिए चुने जाने वाले पहले भारतीय-अमेरिकी सदस्य बने थे और 2025 में उन्होंने अपना पहला कार्यकाल शुरू किया था। इस बार उनके मुकाबले निर्दलीय उम्मीदवार अहसेन मलिक भी मैदान में थे। शुरुआती नतीजे सुब्रमण्यम के पक्ष में दिखाई दे रहे हैं।

मैरीलैंड में अरुणा मिलर की वापसी के संकेत
मैरीलैंड में भारतीय-अमेरिकी लेफ्टिनेंट गवर्नर अरुणा मिलर भी दोबारा जीत की ओर बढ़ती नजर आ रही हैं। वह डेमोक्रेटिक पार्टी के टिकट पर गवर्नर वेस मूर के साथ चुनाव मैदान में थीं। शुरुआती नतीजों के अनुसार, इस जोड़ी ने रिपब्लिकन उम्मीदवारों को पीछे छोड़ दिया है।
रिपब्लिकन टिकट पर लेफ्टिनेंट गवर्नर पद के उम्मीदवार रॉब क्रोप मैदान में थे। वह पूर्व स्टेट डेलीगेट डैन कॉक्स के सहयोगी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे थे। यदि अरुणा मिलर की जीत की पुष्टि होती है, तो मैरीलैंड के शीर्ष राज्य प्रशासनिक पदों में भारतीय-अमेरिकी प्रतिनिधित्व लगातार बना रहेगा। उनके प्रदर्शन को अमेरिकी राजनीति में भारतीय मूल के नेताओं की बढ़ती भागीदारी के लिहाज से अहम माना जा रहा है।

फ्लोरिडा में पिया डांडिया ने कांटे की टक्कर में मारी बाजी
फ्लोरिडा के 22वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट में डेमोक्रेटिक उम्मीदवार पिया डांडिया ने रिपब्लिकन प्रत्याशी केसी असकर को पीछे छोड़ते हुए जीत हासिल की है। शुरुआती आंकड़ों में डांडिया को 51.9 प्रतिशत वोट मिले, जबकि असकर को 48.1 प्रतिशत मत प्राप्त हुए। इस सीट पर अनुमानित वोटों में से करीब 97.6 प्रतिशत की गिनती हो चुकी थी।यह मुकाबला बेहद करीबी रहा। इस सीट पर पूरे देश की नजर इसलिए भी थी, क्योंकि प्रतिनिधि सभा यानी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में बहुमत का समीकरण तय करने में ऐसे चुनावी नतीजे महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। डांडिया की जीत को डेमोक्रेटिक पार्टी के लिए शुरुआती सफलता माना जा रहा है।
ओहायो में विवेक रामास्वामी पिछड़े, एमी एक्टन आगे
ओहायो के गवर्नर पद के चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार विवेक रामास्वामी को शुरुआती रुझानों में झटका लगता दिखाई दे रहा है। डेमोक्रेटिक उम्मीदवार एमी एक्टन ने उनके खिलाफ बढ़त बना ली है। अब तक करीब 50 प्रतिशत वोटों की गिनती हुई है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, एक्टन को 53 प्रतिशत से अधिक वोट मिले हैं, जबकि रामास्वामी लगभग 44 प्रतिशत मतों के साथ पीछे चल रहे हैं।हालांकि, अभी मतगणना पूरी नहीं हुई है और अंतिम नतीजों के लिए इंतजार करना होगा। ओहायो की यह चुनावी लड़ाई इसलिए भी अहम है, क्योंकि रामास्वामी रिपब्लिकन पार्टी के चर्चित भारतीय-अमेरिकी चेहरों में शामिल हैं।
भारतीय-अमेरिकी उम्मीदवारों के लिए मिले-जुले चुनावी संकेत
अमेरिकी मिडटर्म चुनावों के शुरुआती रुझान भारतीय मूल के नेताओं के लिए मिले-जुले संकेत दे रहे हैं। सुहास सुब्रमण्यम, अरुणा मिलर और पिया डांडिया की सफलता डेमोक्रेटिक खेमे के लिए उत्साहजनक है। वहीं विवेक रामास्वामी की पिछड़ती स्थिति रिपब्लिकन पार्टी के लिए चिंता का विषय बन सकती है।
इन चुनावों के अंतिम नतीजे अमेरिकी प्रतिनिधि सभा और राज्य सरकारों के राजनीतिक समीकरणों को प्रभावित कर सकते हैं। फिलहाल कई सीटों पर मतगणना जारी है। इसलिए शुरुआती बढ़त और अनुमानों को अंतिम परिणाम नहीं माना जाना चाहिए। आने वाले आंकड़ों से ही स्पष्ट होगा कि भारतीय मूल के कितने उम्मीदवारों को मतदाताओं का पूरा समर्थन मिला है।
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